पलामू प्रमंडल के सबसे बड़े सरकारी हॉस्पिटल मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज अस्पताल में बड़ा हादसा टल गया। ड्यूटी पर तैनात दो नर्सों की तत्परता से 8 नवजात की जान बच गई। एसएनसीयू वार्ड में शनिवार की तड़के शॉर्ट सर्किट के कारण हाई फ्लो मशीन में आग लग गई। घटना के वक्त वार्ड में आठ नवजात भर्ती थे। उन्हें तत्काल दूसरी जगह शिफ्ट किया गया और करीब दो घंटे बाद वार्ड में सबकुछ सामान्य होने पर बच्चों को फिर से वार्ड में शिफ्ट किया गया। घटना तड़के 2 बजे के आसपास हुई। घटना के वक्त एक बच्चे को ऑक्सीजन दिया जा रहा था। डयूटी पर मौजूद जीएनएम कुमारी ममता और एक अन्य नर्स ने मशीन में आग देखकर तुरंत ऑक्सीजन और बिजली लाइन के वायर को काट दिया। साथ ही इसकी सूचना डॉ. रजी और सिविल सर्जन डॉ. अनिल कुमार सिंह को दी गई। दोनों अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे। चौथे तल्ले पर संचालित एसएनसीयू वार्ड से सभी बच्चों को फर्स्ट फ्लोर गायनी वार्ड में स्थित एसएनसीयू वार्ड में शिफ्ट किया गया। घटना के वक्त ऑन ड्यूटी डॉ. रजी ने कहा कि दोनों जीएनएम ने बड़े हादसे को टाल दिया। वार्ड का ऑक्सीजन पाइपलाइन और बिजली कनेक्शन को दुरुस्त किया गया और फिर से बच्चों को उसी वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही डीसी शशिरंजन हॉस्पिटल पहुंचे। उन्होंने एसएनसीयू वार्ड के अलावा अन्य वार्डो का जायजा लिया और मामले में संवेदनशील रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि जिस कंपनी द्वारा ऑक्सीजन पाइपलाइन लगाई गई है उसे सूचित करके पूरी व्यवस्था ठीक की जाए। उन्होंने एमटीसी वार्ड को हटाकर दूसरी जगह शिफ्ट करने का निर्देश दिया। डीसी ने स्वास्थ्य अधिकारियों से कहा कि बेहतर संसाधन मुहैया कराए गए हैं, इसका बेहतर उपयोग हो और लोगों को लाभ मिले यह सुनिश्चित किया जाए।


