भास्कर न्यूज |लुधियाना नीला झंडा गुरुद्वारा साहिब के समीप दो दिन की नवजात बच्ची को बेचने के मामले में पुलिस ने मंगलवार को पकड़े आरोपियों को अदालत में पेश किया। थाना डिवीजन-3 से एसएचओ नरदेव सिंह ने बताया कि बीएएमएस डॉक्टर मनमीत कौर, रूचि वासी संत विहार नगर, और मनदीप कौर का 1 दिन का रिमांड लिया है। बाकी दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है। बाकी फरार आशा वर्कर पम्मा निवासी अमृतसर, गुरमीत कौर निवासी मोगा और नर्स आशा की अभी गिरफ्तारी नहीं हुई है। जल्द उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा। एसएचओ ने बताया कि बीएएमएस डॉक्टर मनमीत कौर कुछ समय पहले वह किसी निजी अस्पताल में काम करती थी। लेकिन फिलहाल घर पर ही रहती थी। उधर, इस प्रकरण में केयर ऑफ अरोड़ा नर्सिंग होम के डॉक्टर दविंदर पाल (डीपी) सिंह का भी बयान सामने आया है। उन्होंने बताया कि ये सही है कि बच्ची की डिलीवरी उनके अस्पताल में हुई थी, लेकिन बच्ची के जन्म के दो दिन बाद माता-पिता उसे लेकर चले गए थे। डॉक्टर के अनुसार, अस्पताल का इस सौदे से कोई लेना-देना नहीं है और बच्ची की खरीद-फरोख्त अस्पताल परिसर से बाहर हुई है। डॉक्टर दविंदर पाल सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि बीएएमएस डॉक्टर मनमीत कौर निवासी पंजाब माता नगर का उनके अस्पताल से कोई संबंध नहीं है। पुलिस का कहना है कि मामले में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।


