नागौर में 10-टन विस्फोटक केस के आरोपी का अतिक्रमण तोड़ा:45 बीघा सरकारी जमीन पर कब्जा कर बना, 24 जनवरी को किया था गिरफ्तार

नागौर जिले के हरसौर में 10 टन अवैध विस्फोटक बरामद होने के मामले में प्रशासन ने मुख्य आरोपी सुलेमान खान के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू की है। शुक्रवार को पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में उसके अवैध अतिक्रमण को बुलडोजर से ध्वस्त किया गया है। जांच में सामने आया था कि सुलेमान खान ने करीब 45 बीघा में आपना फार्सम हाउस बना रखा था जिसमें से 25 बीघा सरकारी गोचर जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा था। जिसमें उसका फार्म हाउस भी बना हुआ था और इसके चारों तरफ चार दिवारी की हुई थी । 24 जनवरी को उसके कब्जे से भारी मात्रा में विस्फोटक मिलने के बाद पुलिस ने उसे और उसके चार सप्लायर्स को गिरफ्तार किया था। मामले की जांच अब एनआईए को सौंप दी गई है, जबकि स्थानीय स्तर पर अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई की गई है। प्रशासन ने मौके पर बनी चारदीवार और अतिक्रमण को हटा कर सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त करवाया है। साथ ही पुलिस ने आरोपी के मकान का बिजली कनेक्शन काट कर उसे सीज कर दिया है। मौके पर राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ भारी पुलिस जाब्ता तैनात है ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो। प्रशासन की टीम ने सबसे पहले फार्म हाउस की बाहरी दीवार को तोड़ने की कार्रवाई की उसके बाद अंदर बने अतिक्रमण भी हटा दिए गए हैं। तीन जेसीबी मशीनों की मदद से अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया है। 45 भूमि पर बना था फार्महाउस जिसमें से 25 बीघा सरकारी जमीन
जांच के दौरान सामने आया कि सुलेमान खान ने हरसौर इलाके में करीब 25 बीघा सरकारी गोचर भूमि पर अवैध कब्जा कर फार्महाउस बना लिया था। यह फार्म हाउस 45 बीघा में फैला हुआ था। राजस्व विभाग की जांच में अतिक्रमण की पुष्टि होने के बाद प्रशासन ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई का फैसला किया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में चल रही कार्रवाई
ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के दौरान इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए आधा दर्जन थानों का पुलिस बल तैनात किया गया है। इसके साथ ही क्यूआरटी और आरएसी की टुकड़ियां भी मौके पर मौजूद हैं, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति को रोका जा सके। 24 जनवरी को 10 टन अवैध विस्फोटक हुआ था बरामद
24 जनवरी को पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सुलेमान खान के कब्जे से करीब 10 टन अवैध विस्फोटक बरामद किया था। इसके बाद पुलिस ने सुलेमान खान सहित उसके चार सप्लायर्स को गिरफ्तार किया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच बाद में एनआईए को सौंप दी गई।

चार सप्लायर्स भी गिरफ्तार, लाइसेंसधारक भी शामिल
जांच में सामने आया कि सुलेमान खान अलग अलग मैगजीन होल्डर्स से अवैध तरीके से विस्फोटक खरीदता था। इस मामले में पुलिस ने चार सप्लायर्स को गिरफ्तार किया। इनमें चित्तौड़गढ़ के बंसीलाल बंजारा के पास 3000 टन क्षमता की बड़ी मैगजीन का लाइसेंस है, जबकि महेंद्र पाल और भरत के पास भी क्षमता के अनुसार लाइसेंस हैं। लाइसेंस सरेंडर करने के बाद भी सप्लाई में शामिल
सबसे चौंकाने वाला मामला देवराज मेड़तिया का सामने आया। उसने दो साल पहले अपना लाइसेंस सरेंडर कर दिया था और वर्तमान में कुचेरा हेल्थ सेंटर में नर्सिंगकर्मी के रूप में काम कर रहा था। लाइसेंस नहीं होने के बावजूद वह इस अवैध नेटवर्क का हिस्सा बना हुआ था और सप्लाई में मदद कर रहा था। फिलहाल सुलेमान खान और उसके चारों सप्लायर्स जेल में हैं। सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद कार्रवाई
नागौर एसपी मृदुल कच्छावा ने बताया कि सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। राजस्व विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद सरकारी जमीन पर बने आरोपी के अवैध फार्महाउस को प्रशासन की मौजूदगी में ध्वस्त किया जा रहा है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *