राजधानी में निकाय चुनाव के साथ सियासी तापमान लगातार चढ़ रहा है। मेयर की कुर्सी के लिए मैदान में उतरे 11 प्रत्याशी विकास, सफाई और सुशासन के मुद्दों को लेकर गलियों-मोहल्लों में दस्तक दे रहे हैं। चुनावी सभाओं में वादों की गूंज है तो जनसंपर्क अभियानों में शहर को ‘स्मार्ट और सुरक्षित’ बनाने के दावे। मंगलवार को दैनिक भास्कर ने सभी प्रत्याशियों से संपर्क कर शहर के विकास को लेकर उनके विजन को जानने की कोशिश की। 11 में से 9 उम्मीदवारों ने खुलकर ‘विजन-2031’ पेश किया और रांची के भविष्य का खाका सामने रखा। बातचीत में नगर निगम के अतिक्रमण हटाओ अभियान, बिना नक्शा बने भवनों पर कार्रवाई, ट्रांसपोर्ट सिस्टम की बदहाली, महिला सुरक्षा, बिजली-पानी संकट, ट्रैफिक जाम, पार्किंग समस्या और निगम में फैले भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर तीखे हमले किए। प्रत्याशियों ने फुटपाथ दुकानदारों के लिए वेंडिंग जोन बनाने, अवैध निर्माण को नियमित करने, शहरभर में सीसीटीवी कैमरे लगाने और बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने का वादा किया। अब सियासी रण में सवाल यही है कि ‘विजन-2031’ के इन वादों में जनता किसके खाके को भरोसेमंद मानती है और मेयर की कुर्सी किसके नाम करती है। बातचीत के आधार पर पेश है प्रत्याशियों का विजन…


