चिरमिरी, एमसीबी जिले में नगर निगम की कथित लापरवाही के कारण एक कर्मचारी की मौत के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। लगभग तीन महीने पहले हुए इस हादसे के बाद अब नगर निगम के सब-इंजीनियर के खिलाफ अपराध दर्ज किया गया है। जानकारी के मुताबिक, नगर निगम में प्लेसमेंट पर काम करने वाले कर्मचारी बाबूलाल को पेड़ काटने जैसे जोखिम भरे काम में लगाया गया था। इस दौरान उसे कोई सुरक्षा उपकरण नहीं दिए गए और काम करने की अनुमति भी नहीं ली गई थी। बताया गया है कि बाबूलाल बिना सेफ्टी बेल्ट, हेलमेट या किसी तकनीकी निगरानी के पेड़ पर चढ़ा था। काम करते समय उसका संतुलन बिगड़ा और वह नीचे गिर गया, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। एसडीएम कार्यालय से नहीं ली गई थी अनुमति घटना के बाद पुलिस जांच में सामने आया कि पेड़ काटने के लिए न तो एसडीएम कार्यालय से अनुमति ली गई थी और न ही वन विभाग की कोई स्वीकृति थी। कर्मचारी से केवल मौखिक आदेश के आधार पर काम कराया जा रहा था। जांच के बाद पुलिस ने नगर निगम के सब-इंजीनियर विक्टर वर्मा को लापरवाही का जिम्मेदार मानते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106 के तहत मामला दर्ज किया है। थाना प्रभारी विजय सिंह ने बताया कि मामले की जांच जारी है। प्रशासन यह भी पड़ताल कर रहा है कि इस प्रकरण में अन्य अधिकारी भी जिम्मेदार हैं या नहीं। परिवार के एक सदस्य को स्थायी नौकरी देने की मांग चिरमिरी ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और पूर्व पार्षद शिवांश जैन ने इस मामले पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि नगर निगम प्रशासन ने मृतक कर्मचारी के परिजनों को मुआवजे के रूप में 1 लाख 20 हजार रुपए दिए हैं और मृतक की पत्नी को प्लेसमेंट कर्मचारी के रूप में रखा है। पूर्व पार्षद ने मांग की है कि परिवार के किसी एक सदस्य को स्थायी नौकरी दी जाए और मामले की जल्द जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।


