अशोकनगर के लंबरदार मोहल्ले में सोमवार रात को घर से भटके 10 साल के बच्चे को डायल 100 की मदद से पुलिस ने कुछ ही देर में उसके घर पहुंचाया। बच्चा रोते हुए गलियों में भटक रहा था। रात करीब 12:45 बजे स्थानीय लोगों को बच्चे की रोने की आवाज आई, तो उन्होंने निकल कर देखा। उससे उसका घर का पता पूछा, तो वह अपने घर का रास्ता नहीं बता पा रहा था। उसने उसी मोहल्ले का होना बताया। स्थानीय निवासी प्रवीण धाकड ने तुरंत डायल 100 को सूचना दी। कुछ देर बाद हेड कॉन्स्टेबल मुकेश शाक्य मौके पर पहुंचे। उन्होंने बच्चे से उसके घर के बारे में पूछा तो वह कुछ नहीं बता पाया। पुलिस ने उसे भरोसा दिलाया कि वह उसके घर तक पहुंचाएंगे, इसके बाद बच्चे ने अपना नाम अर्चदीप सिंह और लंबरदार मोहल्ले का निवासी बताया। पैदल चलते-चलते ढूंढा घर हेड कॉन्स्टेबल मुकेश शाक्य ने बताया कि इसके बाद वह अपने साथी के साथ बच्चे को लेकर उसका घर ढूंढने के लिए गलियों में पैदल निकले। लगभग 15 से 20 मिनट तक बच्चे को लेकर कई गलियों में कई घर दिखाए। इसी दौरान एक गली में पहुंचे तो बच्चे ने अपना घर पहचान लिया।। आवाज लगाई तो घर से कुछ दूर बच्चे की नानी मिली, जो उसे तलाश रही थी। इसके बाद बच्चे को परिवार के सुपुर्द किया गया। परिजनाें ने बताया कि वह सभी लोग सो गए थे। इस दौरान अचानक से नींद में बच्चा बाहर चला गया। वहीं स्थानीय लोगों ने बताया कि हमने बच्चे के रोने की आवाज सुनी, उससे काफी उसके घर के बारे में पूछा लेकिन वह नहीं बता पाया। इसके बाद डायल हंड्रेड को सूचना दी। लगभग 10 मिनट में डायल हंड्रेड मौके पर पहुंची। कुछ ही देर में बच्चों को घर पहुंचा दिया गया।


