हरदा में 20 जनवरी को घर की छत पर पतंग उड़ाते समय हाई टेंशन लाइन की चपेट में आए 9 वर्षीय दिव्यांश राठौर की बुधवार रात को मौत हो गई। ा उसका इलाज चल रहा था। बेटे की तबीयत बिगड़ने के सदमें में दो दिन पहले ही उसके पिता की मौत हो गई थी। जानकारी के अनुसार, सोमवार 20 जनवरी की शाम को पतंग उड़ाते समय दो मासूम बच्चे हाई टेंशन लाइन की चपेट में आ गए थे। रामानंद नगर कॉलोनी निवासी 9 वर्षीय दिव्यांश राठौर और 10 वर्षीय केशव चौरे अपने घर की छत पर पतंग उड़ा रहे थे। इस दौरान घर के ऊपर से गुजर रही 11 केवी की बिजली लाइन से दोनों बच्चों को करंट लग गया। घटना के बाद गुस्साए लोगों ने बिजली कंपनी के दफ्तर का घेराव किया और चक्काजाम कर दिया था। एम्स भोपाल में चल रहा था इलाज घटना के तुरंत बाद परिजन दोनों बच्चों को जिला अस्पताल ले गए थे, जहां से जांच के बाद दिव्यांश की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए भोपाल रेफर कर दिया गया था।वहीं इकलौते बेटे की इस हालत के सदमे में दो दिन पहले ही उसके पिता कमलेश राठौर की भी मौत हो गई थी। पिता-बेटे की मौत, सदमें में परिजन पिता के अंतिम संस्कार के लिए दिव्यांश को हरदा लाया गया, जहां एक निजी नर्सिंग होम में ड्रेसिंग के बाद उसे मौसी के घर ले जाया गया। वही उसकी तबीयत बिगड़ी और बुधवार रात साढ़े नौ बजे उसने दम तोड़ दिया। पिता-बेटे की मौत के बाद परिवार में केवल मां और दो बेटियां बची हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि पहले भी ऐसी दुर्घटनाओं में दो-तीन लोगों की जान जा चुकी है। हाई टेंशन लाइन में कई जगह जोड़ लगे होने के कारण पतंग की डोर से तार टूटकर नीचे गिरने का खतरा बना रहता है। घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने बिजली कंपनी के दफ्तर का घेराव कर चक्काजाम किया था। यह खबर भी पढ़ें… पतंग उड़ाते समय हाई टेंशन लाइन से हादसा:हरदा में दो बच्चे झुलसे, 9 साल के दिव्यांश की हालत गंभीर, लोगों ने चक्काजाम किया


