महिला ने दो ननद के साथ मिलकर पति की हत्या करने वाले को कुल्हाड़ी से काटकर मार डाला। युवक पैरोल पर बाहर आया था। उसे कोर्ट ने 7 साल की सजा सुनाई थी। मामला झालावाड़ के अकलेरा थाना इलाके का है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को बुधवार को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा किया। इनका एक साथी फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया- 10 फरवरी को अकलेरा थाने को सूचना मिली कि मदनपुरिया चुरेल गांव के खेत में एक व्यक्ति का लहूलुहान शव पड़ा है। पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। उसके शरीर पर धारदार हथियारों से चोटों के निशान मिले थे। ग्रामीणों की मदद से शव की पहचान मदनपुरिया चुरेल निवासी कालूलाल (40) पुत्र मोतीलाल के रूप में हुई। परिजनों को सूचना देकर कोटा से बुलाया गया। बुधवार को पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया था। कालूलाल (मृतक) की पत्नी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसके पति की गांव के ही घीसालाल के परिवार से पुरानी रंजिश थी। दरअसल, करीब साढ़े चार साल पहले कालूलाल ने घीसालाल के बेटे भैरूलाल की हत्या कर दी थी, जिसके बाद उसे जेल हो गई थी। एक महीने पहले पैरोल पर बाहर आया था पुलिस के अनुसार, कालूलाल एक महीने पहले ही पैरोल पर आया था। तब से अपने परिवार के साथ कोटा में मजदूरी कर रहा था। मंगलवार को वह मदनपुरिया चुरेल गांव आया था। जहां भैरूलाल की पत्नी कालीबाई ने ननद केदार बाई व प्रेमबाई और एक अन्य साथी हीरालाल के साथ मिलकर कुल्हाड़ी से उस पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद शव को खेत में फेंक दिया। आरोपी महिलाओं में एक योगा टीचर आरोपी काली बाई के 10 और 13 साल के दो बच्चे हैं। प्रेम बाई के 10, 11 और 7 साल की उम्र के तीन बच्चे हैं। प्रेम बाई के पति की कुछ साल पहले मृत्यु हो चुकी है। केदार बाई ने BSc-BEd की है। वह प्राइवेट योगा टीचर है।


