भास्कर न्यूज| जांजगीर भगवान श्री परशुराम जन्मोत्सव इस वर्ष 30 अप्रैल को पूरे श्रद्धा और धूमधाम से मनाया जाएगा। इस आयोजन को भव्य रूप देने के लिए 13 अप्रैल रविवार को भगवान श्री काशी विश्वेश्वरनाथ ब्राह्मण समाज मंगल भवन, चंदनिया पारा, जांजगीर में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में आयोजन समिति ने पर्व से संबंधित सभी कार्यक्रमों की विस्तृत योजना प्रस्तुत की। समिति की पहली बैठक 6 अप्रैल को मयंक होटल में हुई थी। इसमें आयोजन की आधारशिला रखी गई थी। बैठक में निर्णय लिया गया कि शोभायात्रा नैला दक्षिणमुखी हनुमान मंदिर जांजगीर (पुलिस कंट्रोल रूम के सामने) से दोपहर 5 बजे प्रारंभ होगी। यह यात्रा कचहरी चौक और नेताजी चौक होते हुए परशुराम चौक (रेलवे स्टेशन नैला) तक पहुंचेगी। वहां भगवान श्री परशुराम जी की प्रतिमा का विधिवत पूजन-अर्चन किया जाएगा। इसके पश्चात नैला मारवाड़ी धर्मशाला में सभी श्रद्धालुओं के लिए रात्रि भोज (प्रसाद) की व्यवस्था की गई है, जिसमें लगभग 2000 लोगों के शामिल होने की संभावना है। शोभायात्रा में विप्र समाज के महिला, पुरुष एवं बच्चे पारंपरिक वेशभूषा में सम्मिलित होंगे। पुरुषों से पीले या भगवा रंग के कुर्ते और महिलाओं से पीली या लाल साड़ी पहनने का आग्रह किया गया है। शोभायात्रा के दौरान धूमाल दल, करमा नृत्य मंडली, कीर्तन मंडली और भगवान परशुराम का सुसज्जित रथ विशेष आकर्षण का केंद्र होंगे। रथ में दोनों ओर प्रकाश की व्यवस्था की जाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों से बस सुविधा की व्यवस्था की गई है नगर के आसपास के ग्रामीण इलाकों से आने वाले विप्रजनों की सुविधा के लिए बसों की व्यवस्था की गई है, जो शोभायात्रा उपरांत उन्हें उनके गंतव्य तक वापस पहुंचाएंगी। इस शोभायात्रा में ब्राह्मण नारी नव चेतना मंच, जांजगीर द्वारा आयोजित उपनयन संस्कार में शामिल बटुक भी पारंपरिक वेशभूषा में भाग लेंगे। समिति ने सभी विप्रजनों से अनुरोध किया है कि 30 अप्रैल को अपने-अपने घरों के बाहर दीप प्रज्वलित करें और रंगोली सजाएं, ताकि पूरे नगर में पर्व का उल्लास वातावरण में समा जाए।


