प्रदेश सहित उदयपुर में रिसॉर्ट, मकान और फार्म हाउस के नाम पर काटे जा रहे पहाड़ों पर अब रोक लगने वाली है। नगरीय विकास एवं आवासन विभाग ने नगरी क्षेत्र में स्थित पहाड़ों के सरंक्षण के लिए विनियम- 2024 तैयार कर ली है। इसके तहत 15 डिग्री से अधिक ढलान वाले पहाड़ों पर निर्माण की अनुमति नहीं मिलेगी। 8 डिग्री से अधिक ढलान के पहाड़ों पर रिसॉर्ट, फार्म हाउस आदि बनाने की अनुमति मिलेगी। इसमें अधिकतम 9 मीटर की ऊंचाई तक निर्माण कर सकेंगे। इसके साथ यहां पार्किंग के लिए बेसमेंट बनाने की अनुमति नहीं मिलेगी। 15 डिग्री से अधिक ढलान वाले पहाड़ों पर विद्युत और पेयजल से जुड़े प्रोजेक्ट में अनुमति मिलेगी। पहाड़ों की ऊंचाई नापने के लिए इसरो का कार्टोसैट डेटा फॉर्मूला अपनाया जाएगा। प्रमुख शासन सचिव वैभव गालरिया ने नई अधिसूचना के संबंध में आदेश जारी किया है। आमजन से नई पॉलिसी पर 20 दिसंबर तक सुझाव मांगे हैं। इसे माउंट आबू के इको सेंसिटिव जोन के अधिसूचित एरिया को छोड़कर प्रदेश के अन्य सभी एरिया पर लागू किया जाएगा। पहाड़ों को ढलान के हिसाब से तीन हिस्सों में बांटा इन एरिया में अनुमति के हिसाब से निर्माण कर सकेंगे


