पाली जिले के तखतगढ़ क्षेत्र के भाचुंदा गांव में एक खेत में बनाए गए अवैध होदों को प्रशासन ने शुक्रवार देर शाम को को तोड़ने की कार्रवाई की। मौके से मशीनरी भी जब्त की। इसके साथ ही चौकाने वाली बात यह सामने आया कि इन होदों में फैक्ट्रियों के रंगीन थान धोने के बाद जो दूषित रंगीन पानी निकला तथा उससे ही सिंचाई करने की बात सामने आ रही है। ऐसे में प्रशासन इसकी पूरी जांच कर फसल को भी नष्ट करने की कार्रवाई करेगा।
खेत में चल रहा था कपड़ा धुलाई प्लांट तखतगढ़ उप तहसीलदार जीतेन्द्र बबेरवाल ने सुमेरपुर एसडीएम कालूराम कुम्हार के निर्देशन में भाचुंदा सरहद में एक कृषि कुएं पर अवैध रूप से चल रहे कपड़ा धुलाई प्लांट को पकड़ा। मौके पर करीब 10 होद बने हुए थे। इन होदों में फैक्ट्रियों से आने वाले रंगीन थानों को धोया जा रहा था। धुलाई के बाद निकलने वाला दूषित रंगीन पानी खेत में ही छोड़ा जा रहा था। JCB से तोड़े गए सभी अवैध होद शुक्रवार देर शाम प्रशासनिक टीम JCB लेकर मौके पर पहुंची और खेत में बने सभी अवैध होदों को तोड़ दिया। कार्रवाई के दौरान दो मशीनों से जुड़ी विद्युत मोटर और रोलर भी जब्त किए गए। संयंत्र पर अवैध विद्युत कनेक्शन भी काटा गया। 300 बीघा गेहूं फसल पर असर की आशंका उप तहसीलदार ने बताया कि संभवत इसी रंगीन केमिकल पानी से करीब 300 बीघा में बोई गई गेहूं की फसल को पाण दिया गया। अब प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहा है। फसल को लेकर आगे की कार्रवाई के लिए कार्ययोजना तैयार की जा रही है। जांच के आधार पर फसल नष्ट करने की कार्रवाई भी की जाएगी।


