वक्फ संशोधन अधिनियम मुद्दे को लेकर सोमवार को पाली के प्रजापत छात्रावास मे कार्यशाला आयोजित की गई। जिसमें प्रमुख वक्ता राजेंद्र गहलोत ने कहा कि आम मुस्लिम के हित मे यह कानून है। उन्होंने कहा कि वक्फ की सम्पति भष्ट्राचार व अतिक्रमण की शिकार हो रही है वर्तमान अधिनियम वक्फ प्रबन्ध मे पारदर्शिता ओर जवाबदेह बढ़ाने मनमाने ढंग से सम्पति अधिग्रहण को रोकने तथा धार्मिक स्वतंत्रता समानता से संबंधित संवैधानिक चिंताओं को दूर करने के लिए बनाया गया है। पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख ने कहा कि वक्फ संशोधन अधिनियम वक्फ प्रशासन मे सुधार करते हुए आम मुस्लिम के हित मे कार्य हुआ है। यह आम मुस्लिमों के लिए फायदेमंद है। वर्कशॉप को जिला अध्यक्ष सुनिल भंडारी, विधायक केसाराम चौधरी, पूर्व उर्दू अकादमी अध्यक्ष अशरफ अली, जहीर मकरानी, जिला प्रभारी अल्पसंख्यक हाकम खान, पूर्व सभापति महेंद्र बोहरा, अजीत कोहिनूर, मुन्ना मकरानी, कार्यक्रम संयोजक मोहन जाट, शक्ति सिह चौहान, पूर्व विधायक संजना आगरी, घीसूलाल मेघवाल, नारायण कुमावत, महावीर सिंह, रामकिशोर साबू ने भी संबोधित किया। जिला प्रवक्ता तिलोक चौधरी ने बताया कि मंडल अध्यक्ष, मंडल संयोजक सहित कई भाजपाई वर्कशॉप में मौजूद रहे।


