सीधी जिले के कुसमी क्षेत्र में बका से हमला कर पुजारी की हत्या कर दी गई। मृतक इन्द्रभान द्विवेदी (75) तहसील परिसर स्थित हनुमान मंदिर के पुजारी थे। वे रविवार सुबह 8 बजे महाशिवरात्रि की पूजा कर मोपेड से घर लौटे रहे थे। इसी दौरान हमलावर ने अचानक चलती मोपेड पर अटैक किया, जिससे इन्द्रभान गिर गए। हमला अचानक हुआ। आसपास मौजूद लोग कुछ समझ नहीं पाए। इसके बाद आरोपी लाला केवट (55) ने पुजारी की छाती पर पैर रखा और बके से गर्दन काट दी। उसने सीने और गले पर 8 वार किए। पुजारी खून से लथपथ होकर तड़प रहे थे। वारदात के फौरन बाद आरोपी ने भागने की कोशिश की, लेकिन लोगों ने पकड़ लिया। वहीं, तब तक पुजारी की मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। पुलिस आरोपी लाला केवट को हिरासत में लेकर थाने लाई। उससे पूछताछ जारी है। भतीजा बोला- पूजा करने घर से जल्दी चले गए थे मृतक के भतीजे धीरेश द्विवेदी ने बताया कि चाचा रोज हनुमान मंदिर में पूजा करने के लिए जाते हैं और 10 बजे तक लौट आते हैं। आज महाशिवरात्रि होने की वजह से पहले ही चले गए थे। पूजा के बाद वे सुबह 8 बजे लौट रहे थे। इसी दौरान लाला केवट ने चलती हुई गाड़ी मे वार किया। पूजा-पाठ करने वालों को परेशान करता था
स्थानीय निवासी विष्णु शर्मा ने बताया कि आरोपी लाला केवट का आपराधिक रिकॉर्ड है। वह पहले भी कई अपराध कर चुका है। ब्राह्मणों से द्वेष रखता था। कई बार ब्राह्मणों से मारपीट की है। पूजा पाठ करने वाले व्यक्तियों को परेशान करता है। ब्राह्मण होने की वजह से बैर रखता था आरोपी स्थानीय वकील राजेंद्र तिवारी ने बताया की पंडित जी की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। सिर्फ ब्राह्मण होने की वजह से उनकी हत्या की गई है। आरोपी शुरू से ही ब्राह्मण से बैर रखता है। उसकी इसी मानसिकता की वजह से पुजारी की जान गई है। इतना ही नहीं तहसीलदार लवलेश मिश्रा की हत्या से पहले भी उनके घर जाकर गाली-गलौज और मारपीट की थी। मेरे भी साथ इसने तहसील कोर्ट में मारपीट की थी। एसपी बोले- एक संदिग्ध को पकड़ा, जांच जारी इन्द्रभान द्विवेदी की हत्या से क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों के अनुसार, वे धार्मिक और सामाजिक रूप से सम्मानित व्यक्ति थे। सीधी के एडिशनल एसपी अरविंद श्रीवास्तव ने बताया कि मामले में एक संदिग्ध को पकड़ा गया है। जांच जारी है।


