भास्कर न्यूज | जालंधर कपूरथला रोड के पास जालंधर कुंज इलाके में सोमवार देर रात पुलिस और ट्रॉली ड्राइवरों के बीच हुई कथित हिंसक झड़प के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। सिख ड्राइवरों ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस कर्मियों पर मारपीट करने, अभद्र भाषा का प्रयोग करने और पगड़ी उतारने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। घटना के बाद मामला तूल पकड़ गया और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे। पीड़ित युवक लवप्रीत ने बताया कि वह अपने पिता सरबजीत सिंह और कुछ साथियों के साथ तरनतारण से जालंधर के लेदर कॉम्प्लेक्स स्थित डेयरी में तूड़ी छोड़ने आ रहे थे। उनका कहना है कि लेदर कॉम्प्लेक्स से पहले ही 112 नंबर की पुलिस गाड़ी खड़ी थी। पुलिस मुलाजिमों ने उन्हें रुकने का इशारा किया और वाहन की चेकिंग शुरू कर दी। लवप्रीत के अनुसार, उन्होंने वाहन से संबंधित सभी जरूरी दस्तावेज पुलिस को दिखाए, लेकिन इसके बावजूद उनसे कथित तौर पर 1000 रुपए की मांग की गई। आरोप है कि जब उन्होंने पैसे देने से इनकार किया तो पुलिस मुलाजिम कंवरपाल सिंह और उसके साथियों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। पीड़ितों का कहना है कि उन्हें जबरन पुलिस गाड़ी में बैठाने की कोशिश की गई। इस दौरान धक्का-मुक्की हुई और कथित रूप से उनकी पगड़ी भी उतार दी गई, उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मौके पर मौजूद पुलिस कर्मी नशे की हालत में थे। ड्राइवरों का कहना है कि जब पुलिस ने उल्टा उन पर नशा करने का आरोप लगाया तो उन्होंने मौके पर ही पुलिस को मेडिकल जांच की चुनौती दे दी। उनका कहना है कि तुरंत उनका और संबंधित पुलिस कर्मियों का मेडिकल टेस्ट कराया जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके। कितना सुनते ही मुलाजिम मौके से गाड़ी लेकर चले गए। मुलाजिम पर पहले भी रहा है मामला दर्ज वहीं, सूत्रों के अनुसार जिस पुलिस मुलाजिम पर मारपीट के आरोप लगे हैं, उसके खिलाफ करीब चार साल पहले भी एक मामला दर्ज हुआ था। आरोप था कि उसने किसी व्यक्ति को पुलिस में भर्ती करवाने के नाम पर पैसे लिए थे। सोमवार रात की घटना की जानकारी जैसे ही उच्च अधिकारियों को मिली, संबंधित पुलिस कर्मी को निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए गए। बताया जा रहा है कि मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और सभी पहलुओं की जांच की जाएगी।


