जांजगीर-चांपा में भारत जागरण मंच ने प्रबुद्ध जन संगोष्ठी का आयोजन किया। जिसमें भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष शिवरतन शर्मा ने एक राष्ट्र, एक चुनाव की वकालत की। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था से देश को राजनीतिक स्थिरता और आर्थिक लाभ मिलेगा। शर्मा ने बताया कि एकसाथ चुनाव कराने से चुनावी खर्च में कटौती होगी। इससे प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी। एक प्रतिशत से अधिक जीडीपी की बचत होगी। जातिगत राजनीति कम होगी और स्वस्थ राजनीतिक प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि 1989 से 2014 तक देश में राजनीतिक अस्थिरता रही। 2014 के बाद मोदी सरकार ने स्थिरता लाई। बार-बार चुनाव से सेना और प्रशासन पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। कई महत्वपूर्ण फैसले लटक जाते हैं। कोविंद समिति की रिपोर्ट का किया जिक्र पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता वाली समिति की रिपोर्ट का जिक्र करते हुए शर्मा ने कहा कि इसमें एक राष्ट्र, एक चुनाव की व्यवहारिकता पर विस्तृत समाधान दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि 80 प्रतिशत जनता इस विचार के पक्ष में है। कार्यक्रम में जांजगीर-चांपा सांसद कमलेश जांगड़े, मछुआ कल्याण बोर्ड अध्यक्ष भरतलाल मटियारा और जिला पंचायत अध्यक्ष सत्यलता मिरी समेत कई नेता मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन पुरुषोत्तम शर्मा ने किया। जिलाध्यक्ष अंबेश जांगड़े ने आभार व्यक्त किया। कांग्रेस पर साधा निशाना वहीं, कांग्रेस की संविधान बचाओ रैली को लेकर शिवरतन शर्मा ने कहा कि ये पाखंड है। भारत के संविधान को छेड़ने का काम सार्वजनिक रूप से कांग्रेस ने किया है। कांग्रेस शासन काल कितने बार संविधान में बदलाव किया है। कांग्रेस बताए कि इमरजेंसी क्यों लगाई।


