राजस्थान में नगरीय निकाय के आम चुनावों की तैयारियों के तहत वोटर लिस्ट के पुनरीक्षण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। संबंधित सभी कार्यवाहियां 15 अप्रैल 2026 तक पूरी करने के निर्देश जारी किए गए हैं। यह प्रक्रिया राजस्थान नगरपालिका अधिनियम, 2009 की धारा 13 से 15 और राजस्थान नगरपालिका निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण आदेश, 1974 के प्रावधानों के तहत की जाएगी। निर्देशों के अनुसार, नगरपालिकाओं, नगर परिषदों और नगर निगमों के लिए वार्डवार निर्वाचक नामावलियों की तैयारी, उनका प्रकाशन तथा प्राप्त दावों और आपत्तियों का निस्तारण कर मतदाता सूचियों को अंतिम रूप से प्रकाशित करने की जिम्मेदारी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण पदाधिकारियों (ईआरओ) की होगी। ये अधिकारी संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी के नियंत्रण में रहकर सभी कार्य संपादित करेंगे। फोटो युक्त मतदाता सूची होगी तैयार नगरपालिका स्तर पर वार्ड वार और आवश्यकतानुसार भागवार फोटोयुक्त मतदाता सूचियां तैयार की जाएंगी। इसके बाद उनका भौतिक सत्यापन किया जाएगा। भौतिक रूप से सत्यापित निर्वाचक नामावलियों का प्रारूप प्रकाशन भी किया जाएगा। 22 अप्रैल तक होगा अंतिम प्रकाशन निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण पदाधिकारी एसडीएम पूजा चौधरी ने बताया-मतदाता सूची पुनरीक्षण का विशेष अभियान 29 मार्च 2026 तक चलेगा। दावे एवं आपत्तियों के निस्तारण की अंतिम तिथि 5 अप्रैल 2026 है। मतदाता सूची से संबंधित सभी कार्यवाही 15 अप्रैल 2026 तक पूर्ण करने की समय-सीमा निर्धारित की गई है। पूरक सूचियों की तैयारी 20 अप्रैल 2026 को होगी, जबकि निर्वाचक नामावलियों का अंतिम प्रकाशन 22 अप्रैल 2026 को किया जाएगा। एसडीएम पूजा चौधरी ने यह भी बताया कि निर्वाचक नामावली में उस व्यक्ति का नाम शामिल किया जा सकता है जिसकी आयु अर्हता की तिथि को 18 वर्ष पूर्ण हो चुकी हो और जो संबंधित वार्ड का सामान्य निवासी हो। जिस व्यक्ति की आयु 1 जनवरी 2026 को 18 वर्ष पूर्ण नहीं हुई है, वह निर्वाचक नामावली में नाम सम्मिलित कराने का पात्र नहीं होगा।


