नर्मदापुरम शहर के मीनाक्षी चौक, आनंद नगर, आदमगढ़ क्षेत्र में रविवार को आवारा कुत्ते ने जमकर आतंक मचाया। सुबह करीब 10 से 12 बजे के बीच कुत्ते ने घर के बाहर खड़े और सड़क से गुजर रहे लोगों पर हमला किया। कुत्ते ने एक घर में घुसकर मां-बेटी को भी घायल किया। करीब 14 लोग कूुत्ते के हमले से घायल हुए। जिनके हाथ, पैर में गहरे घाव है। कुत्ते के हमले से क्षेत्र में रहवासी भयभीत है। शहर में भलेई ही लोग डॉग बाइट का शिकार हो रहे, लेकिन नगर पालिका के पास पर्याप्त इंतजाम नहीं है, जिससे कार्रवाई होते नहीं दिख रही है। हमले के बाद एक-एक करके घायल जिला अस्पताल उपचार कराने पहुंचे। 3 घंटे में कुत्ते के हमले से घायल 14 लोग पहुंचे थे। 14 में से 6 को अधिक जख्म होने से भर्ती करना पड़ा। जिससे अस्पताल प्रबंधन भी चिंतित हो गया। बकरी को बचाने आई बच्ची पर झूमा कुत्ते
रहवासी बबीता रैकवार ने बताया सुबह 11 बजे लाल रंग का आवारा कुत्ता आदमगढ़ की तरफ से लोगों को काटते हुए हमारे मोहल्ले में आया। हमारे यहां बकरी बंधी, हमले के उद्देश्य से कुत्ता घर में घुस आया। सीधे बकरी को बचाने पहुंचीं बेटी प्रियंका पर कुत्ता झूमा। उन्होंने कहा जब मैं बचाने दौड़ी तो उसने मुझ पर भी हमला किया। जैसे तैसे मोहल्ले के लोगों ने कुत्ते को भगाया। जाते हुए उसने मोहल्ले की एक महिला को भी काटा। फिर वो मीनाक्षी चौक की ओर भाग गया। कुत्ते के हमले से लोग भयभीत है। नगरपालिका से लोग कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। कुत्तों के हमले से लोगों को बचाने की नगर पालिका की क्या तैयारी है, जानने के लिए सीएमओ हेमेश्वरी पटले को कॉल किया। लेकिन रिसीव नहीं होने से बात नहीं हो पाई। ये घायल उपचार कराने पहुंचे
सत्यम पिता ब्रजलाल(26) निवासी बालाभेंट, प्रियंका पिता रैकवार (27) निवासी आनंद नगर, कन्हैया पिता रमेश (36) निवासी बीटीआई, आरएल राय (65) साल निवासी नारायण नगर, डोलमा (24) निवासी आनंद नगर, भैयालाल पिता शिवप्रसाद (70) निवासी पवारखेड़ा, रविंद्र मुकेश (13) निवासी रायपुर, यश पुनेश उम्र 22 साल निवासी सदर बाजार सामान्य ज़ख्म आएं है। जानकी पति सोनू (25) साल निवासी आनंद नगर, बबिता रैकवार (45) निवासी आनंद नगर, कान्हा परसू (19) निवासी जिला अस्पताल के सामने, राजकिशोर नर्मदाप्रसाद (35) निवासी मिसरोद, राकेश सुमेरलाल (40) निवासी बुधवाड़ा, सुषमा राकेश (35) निवासी बुधवाराड़ा को जख्म ज्यादा होने से भर्ती किया गया।। हालांकि तीन, चार घंटे बाद उपचार कराकर भर्ती मरीज भी घर चले गए।


