बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में पशु तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। दो अलग-अलग मामलों में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। पहला मामला बसंतपुर थाना क्षेत्र का है। 13 फरवरी 2026 को पुलिस को सूचना मिली थी कि एक महिंद्रा मैजिक वाहन (क्रमांक CG 29 AG-1329) से मवेशियों को झारखंड के बूचड़खाने ले जाया जा रहा है। पुलिस ने प्रेमनगर मोड़ के पास घेराबंदी कर वाहन को रोका। तलाशी के दौरान वाहन में दो भैंसों को क्रूरतापूर्वक रस्सियों से बांधकर ठूंस-ठूंस कर भरा गया था। इस मामले में मोहम्मद शाहबाज (19 वर्ष) निवासी सूरजपुर और सफीक इराकी (55 वर्ष) निवासी सनावल को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1-घ) के तहत मामला दर्ज किया गया है। दूसरी कार्रवाई चौकी बरियों, थाना राजपुर क्षेत्र में हुई। 20 मई 2025 को ग्राम आरा सरनापारा में गागर नदी किनारे जंगल के पास एक पिकअप वाहन (क्रमांक JH-03-AM-4025) से चार मवेशियों को क्रूरतापूर्वक बांधकर ले जाने की तैयारी की जा रही थी। पुलिस को देखते ही तस्कर वाहन छोड़कर फरार हो गए थे। इस मामले की विवेचना के दौरान वाहन चालक तहकीक अंसारी को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था। वहीं, वाहन मालिक त्रिवेणी प्रजापति (29 वर्ष) निवासी मानपुर, जिला गढ़वा, झारखंड को 13 फरवरी 2026 को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। दोनों मामलों में पुलिस अधिकारियों और स्टाफ की विशेष भूमिका रही। पुलिस ने कहा है कि पशु तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।


