रिजर्व पुलिस लाइन में शुक्रवार को जिले की मासिक अपराध समीक्षा बैठक (क्राइम मीटिंग) आयोजित की गई। एसपी सुधीर जोशी ने जिले के सभी थानाधिकारियों और डिप्टी को स्पष्ट निर्देश दिए कि अपराध नियंत्रण में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में एएसपी नरपत सिंह सहित पांचों सर्कल के डिप्टी और 21 थानों के प्रभारी मौजूद रहे। नए कानूनों और 2026 की प्राथमिकताओं पर मंथन बैठक के दौरान एसपी जोशी ने नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर चर्चा की। उन्होंने वर्ष 2026 के लिए पुलिस द्वारा निर्धारित प्राथमिकताओं को दोहराते हुए कहा कि पुलिस का मुख्य फोकस आमजन में विश्वास और अपराधियों में भय पैदा करना होना चाहिए। आगामी मेलों और त्योहारों को देखते हुए कानून-व्यवस्था को लेकर विशेष प्लान तैयार करने के निर्देश दिए गए। सीसीटीवी से होगी निगरानी, थानों को दिए टिप्स एसपी ने थानों में लंबित पड़े पुराने मामलों को जल्द निपटाने और हार्डकोर अपराधियों व हिस्ट्रीशीटर्स के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने तकनीकी पुलिसिंग पर जोर देते हुए कहा: शहर के प्रमुख चौराहों, गलियों और संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों का जाल बिछाया जाए। बीट स्तर पर सूचना तंत्र को मजबूत किया जाए। सड़क सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरती जाए ताकि दुर्घटनाओं में कमी आए। थानों के कामकाज का लिया फीडबैक एएसपी नरपत सिंह ने बताया की थानों के रिकॉर्ड और अपराध के आंकड़ों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को अपराध दर कम करने के लिए प्रभावी रणनीति अपनाने के विशेष टिप्स दिए। बैठक में पेंडिंग केसों के निस्तारण की धीमी गति पर कुछ थानाधिकारियों को फटकार भी लगाई गई।


