बैतूल जिले की आठनेर जनपद के ग्राम जावरा की ग्रामसभा ने बुधवार (18 फरवरी) को एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। गांव की सीमा में अब शराब की बिक्री, चाहे वह वैध हो या अवैध, पूरी तरह प्रतिबंधित कर दी गई है। ग्रामसभा ने सर्वसम्मति से यह प्रस्ताव पारित किया है। इसके तहत अब गांव में शराब बेचने और पीने, दोनों पर रोक रहेगी। इस फैसले के पीछे गांव के युवाओं की बड़ी भूमिका रही। वे पिछले कई महीनों से गांव में शराब से जुड़ी सामाजिक समस्याओं के खिलाफ अभियान चला रहे थे। युवाओं ने विशेष रूप से आंगनवाड़ी केंद्र, शासकीय प्राथमिक विद्यालय और सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के आसपास हो रही शराब बिक्री का विरोध किया था। इसी के चलते उन्होंने 9 फरवरी को ग्राम पंचायत को आवेदन सौंपकर शराब बिक्री बंद करने की मांग की थी। पेसा एक्ट के तहत बुलाई बैठक युवाओं के आवेदन पर पेसा (PESA) अधिनियम 2022 के तहत गठित शांति एवं विवाद निवारण समिति ने कार्रवाई की। समिति ने 16 फरवरी को आकस्मिक ग्रामसभा बुलाने का निर्णय लिया। इसकी सूचना तहसीलदार, जनपद पंचायत सीईओ और आठनेर थाना प्रभारी को पत्र के माध्यम से पहले ही दे दी गई थी। प्रशासन को भेजा जाएगा प्रस्ताव बुधवार को सामुदायिक भवन में आयोजित ग्रामसभा में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। चर्चा के बाद सभी ने एकमत से शराबबंदी के पक्ष में मतदान किया। अब पंचायत इस प्रस्ताव को औपचारिक रूप से प्रशासन को भेजेगी, ताकि कानूनी रूप से शराबबंदी को प्रभावी बनाया जा सके। ग्रामीणों का कहना है कि इस कदम से गांव में सामाजिक सौहार्द बढ़ेगा और पारिवारिक विवाद कम होंगे।


