ब्रिटिश PM​​​​​​​ बनने के बाद स्टार्मर पहली बार यूक्रेन पहुंचे:जेलेंस्की से करेंगे 100 साल का समझौता, कहा- यूक्रेन की मदद में कमी नहीं आने देंगे

ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर गुरुवार को यूक्रेन की यात्रा पर पहुंचे। यहां उन्होंने यूक्रेन की राजधानी कीव में राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने 2022 से लेकर अब तक युद्ध में मारे गए यूक्रेनी सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। इससे पहले ब्रिटिश सरकार की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया था कि स्टार्मर यूक्रेन के साथ सुरक्षा संबंधों को मजबूत करने के लिए 100 साल के एक समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे। इस समझौते में रक्षा, विज्ञान, एनर्जी और व्यापार समेत कई मुद्दे शामिल होंगे। ब्रिटिश प्रधानमंत्री ने कहा कि यह समझौता सिर्फ आज के बारे में नहीं है, बल्कि इसमें आने वाली सदी में भी दोनों देशों के निवेश की बात की गई है। कीर स्टार्मर ने रूसी हमले को लेकर कहा- पुतिन यूक्रेन को उसके सहयोगी देशों से दूर करने में नाकाम रहे हैं। आज हम पहले कहीं ज्यादा एकजुट हैं और यह 100 साल का समझौता हमारी पार्टनरशिप को अगले लेवल पर ले जाएगा। हम इस लड़ाई में बहुत आगे आ चुके हैं। हमें हार नहीं माननी चाहिए। ब्रिटेन यूक्रेन की मदद में कभी कमी नहीं आने देगा। PM बनने के बाद स्टार्मर की पहली यूक्रेन यात्रा पिछले साल जुलाई में प्रधानमंत्री बनने के बाद कीर स्टार्मर की यह पहली यूक्रेन यात्रा है। हालांकि उन्होंने 2023 में विपक्षी नेता के तौर पर यूक्रेन का दौरा किया था। प्रधानमंत्री बनने के बाद वो 10 डाउनिंग स्ट्रीट में जेलेंस्की के साथ दो बार मुलाकात कर चुके हैं। इससे पहले जेलेंस्की ने कहा था कि वो ब्रिटिश प्रधानमंत्री से युद्ध विराम समझौते की निगरानी करने के लिए यूक्रेन में पश्चिमी देशों के सैनिकों की तैनाती पर भी चर्चा करेंगे। फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों भी इस तरह का प्रस्ताव दे चुके हैं। 2022 के बाद से ब्रिटेन ने की 16 अरब डॉलर की मदद 2022 में युद्ध शुरू होने के बाद से ब्रिटेन ने यूक्रेन को 16 अरब डॉलर (1.38 लाख करोड़ रुपए) की मदद दी है। इसके साथ ही ब्रिटेन ने यूक्रेन के 50 हजार से ज्यादा सैनिकों को ट्रेनिंग दी है। स्टार्मर एक फिर यूक्रेन की मदद के लिए 49 मिलियन डॉलर (करीब 4 हजार करोड़) की मदद का ऐलान कर सकते हैं। अमेरिका में डोनाल्ड ट्रम्प के शपथ ग्रहण (20 जनवरी) से पहले जेलेंस्की लगातार अपने सहयोगी देशों के साथ साझेदारी को और ज्यादा मजबूत करने में लगे हैं। ट्रम्प लगातार यूक्रेन को फंडिंग देने के खिलाफ बयान देते रहे हैं। ट्रम्प अपने इलेक्शन कैंपेन के दौरान भी एक दिन में यूक्रेन वॉर खत्म कराने की बात कह चुके हैं। हालांकि उन्होंने इसके बारे में कोई डिटेल नहीं दी थी। युद्ध शुरू होने के बाद से अमेरिका यूक्रेन को करीब 63 अरब डॉलर (5.45 लाख करोड़ रुपए) की मदद दे चुका है। पूर्वी यूक्रेन में दोनों देशों के बीच संघर्ष जारी यूक्रेन की पूर्वी बॉर्डर के अलग अलग इलाकों में दोनों देशों के बीच संघर्ष जारी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक यूक्रेनी सेना बड़े पैमाने पर सैनिकों की कमी से जूझ रही है। वहीं रूस पर अपनी मजबूत स्थिति का फायदा उठाकर खार्किव और डोनेट्स्क के इलाकों में आगे बढ़ रहा है। दूसरी तरफ यूक्रेनी एयर फोर्स का दावा है कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने देश के अलग अलग इलाकों में रूसी सेना के 11 ड्रोन को मार गिराया है। इसके अलावा रूस के कुर्स्क इलाके में भी रूसी सेना लगातार आगे बढ़ रही है। पिछले साल अगस्त में यूक्रेन ने कुर्स्क प्रांत पर हमला कर 1376 स्क्वेयर किमी जमीन कब्जा कर लिया था। हालांकि बाद में रूस ने इस इलाके में हजारों नॉर्थ कोरियाई सैनिकों को तैनाती की थी, जिसके बाद यूक्रेनी सैनिक आगे नहीं बढ़ पाए। अब रूस फिर से इलाके पर कंट्रोल के लिए ऑपरेशन चला रहा है। ————————————————- यह खबर भी पढ़ें…. जेलेंस्की का नॉर्थ कोरियाई सैनिकों को रिहा करने का ऑफर:यूक्रेनी सैनिकों को लौटाने की मांग की; पिछले हफ्ते हिरासत में लिया था यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने कहा है कि वह रूस के कुर्स्क इलाके से पकड़े गए नॉर्थ कोरियाई सैनिकों को रिहा करने के लिए तैयार हैं। इसके बदले में उन्होंने रूस में बंदी बनाए गए यूक्रेनी सैनिकों की अदला-बदली की मांग की है। यह खबर भी पढ़ें…

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