द अफर्मेशन: रेडियंट रिफ्लेक्शन – 21 डेज टू शाइन जर्नी विषय पर एक परिवर्तनकारी अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन सत्र आयोजित किया गया। इसमें भारत और यूके के प्रतिष्ठित वक्ताओं की भागीदारी रही। इस सत्र का उद्देश्य व्यक्तिगत विकास, मानसिक स्वास्थ्य, समग्र उपचार और आत्म-सशक्तिकरण को बढ़ावा देना था। यह सत्र लाइफ कोच और घरेलू हिंसा पीड़ितों की समर्थक सुमनजीत कौर और वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. सुरिंदर कौर की ओर से संचालित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों को सकारात्मकता, आत्म-देखभाल और संपूर्ण कल्याण अपनाने का सशक्त मंच प्रदान किया गया। व्यक्तिगत विकास और समग्र कल्याण पर विशेष फोकस सत्र के दौरान प्रतिभागियों को दैनिक सकारात्मक संकल्प (अफर्मेशन), प्रेरक गतिविधियां और साप्ताहिक ऑनलाइन मीटअप के माध्यम से एक सुरक्षित और सहयोगात्मक वातावरण मिला। प्रसिद्ध विशेषज्ञों ने वेलनेस, मानसिक स्वास्थ्य, पोषण और समग्र उपचार जैसे विषयों पर विचार साझा किए। वक्ताओं ने अपने अनुभवों से प्रतिभागियों को प्रेरित किया और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए मार्गदर्शन दिया। इस सत्र में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों ने अपनी सहभागिता दर्ज कराई, जिनमें शीना (वेलनेस थेरेपिस्ट), श्वेता जैन (रेकी ग्रैंडमास्टर), अर्चना (हेल्थ कोच), डॉ. शैलजा (गाइनकोलॉजिस्ट, शिव कृपा हॉस्पिटल), नीलम सक्सेना (सोशल एक्टिविस्ट और मीडिया प्रोफेशनल), डॉ. अनीता गौतम (मनोचिकित्सक), ब्रमणी रोहिणी (रेकी मास्टर, ब्रह्मा शक्ति ओम की विशेषज्ञ), सिया उपाध्याय (न्यूमरलॉजिस्ट, टैरो कार्ड रीडर, वास्तु विशेषज्ञ, प्रोनोलॉजिस्ट), डॉ. रंजना जैन (सीनियर गाइनकोलॉजिस्ट), डॉ. पूजा रोंग्टा (गाइनकोलॉजिस्ट, डायरेक्टर – शिव कृपा हॉस्पिटल), डाइटीशियन आस्था जैन (क्लिनिकल डाइटीशियन, नारायणा हॉस्पिटल), डाइटीशियन अंशु चतुर्वेदी (क्लिनिकल डाइटीशियन, सीके बिड़ला हॉस्पिटल) शामिल रहे। इस सेशन ने आत्म-देखभाल, उपचार और सामुदायिक समर्थन के महत्व को मजबूत किया। यह अपने तरह की पहली अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन पहल थी, जिसने प्रतिभागियों पर गहरा प्रभाव छोड़ा।


