भीलवाड़ा में रंग पर्व होली का मिला-जुला असर:शहर के आधे बाजार खुले-आधे बंद, ग्रहण के प्रभाव के चलते कईयों ने बनाई रंगों से दूरी

रंगों के पर्व धूलंडी पर भीलवाड़ा में मिला-जुला असर है,शहर के आधे से ज्यादा बाजार खुले हैं जबकि कुछ दुकानें बंद भी है।चंद्र ग्रहण और प्रभाव के चलते आज कुछ लोगों ने रंग-गुलाल से परहेज किया है तो पुराने भीलवाड़ा और अग्रवाल उत्सव भवन में होली के मौके पर जमकर रंग गुलाल उड़ाकर लोग एक दूसरे को बधाई दे रहे हैं। हर साल की तरह होलिका दहन के अगले दिन मनाया जाने वाले रंग पर्व को लेकर आज सुबह से असमंजस का माहौल देखा गया,कई लोग आज रंग गुलाल खेलकर एक दूसरे को बधाइयां दे रहे हैं तो कुछ लोगों ने ग्रहण के प्रभाव के चलते आज होली के रंगों से दूरियां बनाई है।बाजार में भी धूलंडी और ग्रहण दोनों का मिला जुला असर देखने को मिल रहा है। शहर के कई प्रमुख बाजार की आधे से ज्यादा दुकान खुली हुई है तो कई व्यापारियों ने आज रंग पैरवी और ग्रहण के चलते अपनी दुकाने बंद रखी है हालांकि बाजार में रंगों के पर्व की रौनक काफी फीकी है, कुछ लोगों को छोड़ दिया जाए तो आज सभी ने रंगों से परहेज किया है।बात पुराना भीलवाड़ा की जाए तो यहां लोगों ने एक दूसरे को रंग और गुलाल लगाकर होली की बधाइयां देते हुए रंग उत्सव को उत्साह से बनाया है।ढोल नगाड़ों के साथ युवाओं की टोली एक दूसरे को रंगने के लिए निकली है। आज सुबह स्वयंसेवकों द्वारा भी सामूहिक रूप से होली स्नेह मिलन का आयोजन चित्रकूट धाम में किया गया और उसके बाद सभी वाहन रैली के रूप में शहर के प्रमुख बाजारों से होकर निकले।इसी तरह अग्रवाल उत्सव भवन में भी पूरे उत्साह और हर्षोल्लाह के साथ भक्ति भजनों पर समाज के लोग रंग गुलाल और फूलों से होली खेलकर आपस में एक दूसरे को होली की बधाइयां दे रहे हैं।कुल मिलाकर ग्रहण और रंगों के त्यौहार का असर भीलवाड़ा में मिला जुला देखने को मिला है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *