उदयपुर के गोगुंदा थाना क्षेत्र में चारभुजानाथ मंदिर में चोरी करने वाले गिरफ्तार 3 आरोपियों को पुलिस ने बुधवार को मौका तस्दीक कराई। इस दौरान पुलिस तीनों आरोपियों को परेड कराते हुए पैदल घटना स्थल लेकर पहुंची। बस स्टेण्ड और मुख्य बाजार होते हुए प्रताप चौक स्थित मंदिर ले जाया गया। इसके बाद पुलिस आरोपियों को महाराणा प्रताप राजतिलक स्थली लेकर गई। जहां चोरों ने दानपात्र छिपाया हुआ था। पुलिस ने यहां से 12 हजार रुपए जब्त किए। इस दौरान थानाधिकारी शैतान सिंह, एएसआई विनेश कुमार सहित पुलिस जाब्ता मौजूद था। बता दें कि 9 दिसम्बर की रात को गोगुंदा के चारभुजानाथ मंदिर से दानपात्र चुरा ले जाने वाले 3 बदमाशों को गोगुंदा पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार किया था। मंगलवार को पेशी के बाद कोर्ट ने आरोपियों को 2 दिन पीसी रिमांड पर भेजा। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपियों से सख्ती से पूछताछ कर रही है। जिसमें अन्य चोरियों के खुलासे होने की संभावना है। सीसीटीवी में चोरी करते कैद हुई थी वारदात
जानकारी के अनुसार चोरी की वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी। चोरी कर दानपात्र को ले जाते हुए गोगुंदा निवासी भावेश लखारा पुत्र कुंदन लखारा उर्फ रोबोट की पहचान हुई थी। बाद में उसे गुजरात के सूरत से गिरफ्तार किया गया तथा उसके दो साथी जसवंतगढ़ के गहलोतों का गुड़ा निवासी पंकज भारती पुत्र भंवर भारती (19), सिवड़िया के धोलाभाटा निवासी माना गमेती पुत्र सकुड़ा गमेती (32) को सिवड़िया के जंगल से गिरफ्तार किया था। बता दें, गोगुंदा का भावेश लखारा उर्फ रोबोट कुख्यात चोर है और गोगुंदा थाने का हिस्ट्रीशीटर है। इस पर कई मुकदमें दर्ज है। यह गोगुंदा में कई दुकानों व घरों में चोरी की वारदातें कर चुका है। कई बार यह लोगों को चेतावनी देने के बाद चोरी की वारदात करता है।
इनपुट: लखन सालवी, गोगुंदा


