मप्र गृह विभाग में 25 हजार रिक्त पदों की कमी के बीच 8500 पुलिसकर्मियों की भर्ती का रास्ता साफ हो गया है। इसमें 7500 सिपाहियों, 500 सब इंस्पेक्टर और 500 ऑफिस स्टाफ के पद शामिल हैं। 8 साल बाद सब-इंस्पेक्टर की भर्ती होगी। पुलिस मुख्यालय की चयन एवं भर्ती शाखा की कोशिशों के बाद गृह विभाग ने सब-इंस्पेक्टर पदों के भर्ती नियमों में संशोधन कर दिया है। राज्य शासन ने 30 जनवरी को ऑफिस स्टाफ की भर्ती की अनुमति भी जारी कर दी। 7500 सिपाहियों की भर्ती को भी जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है। डीजीपी कैलाश मकवाणा ने पद संभालने के बाद समीक्षा में पाया कि मप्र पुलिस के पास वर्तमान बल सिर्फ एक लाख है, जबकि 25 हजार पद रिक्त हैं। हर साल 500-700 पुलिसकर्मी सेवानिवृत्त हो रहे हैं, जिससे यह संख्या बढ़ती जा रही है। गृह विभाग ने एसआई पदों की भर्ती लिए नियमों में संशोधन किया है। इनमें एसआई रेडियो, आयुध व फोटो /फिंगर प्रिंट शामिल हैं। इन पदों के लिए 36 की बजाय 38 वर्ष की उम्र तक परीक्षा दे पाएंगे। 7500 पद पर सिपाही भर्ती होंगे: मप्र के सभी जिलों में 18,000 सिपाही पद रिक्त हैं, जिनमें से 7,500 पदों पर भर्ती का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। वर्तमान में एक भर्ती प्रक्रिया चल रही है, जिसमें लिखित परीक्षा के परिणाम लंबित हैं। एसआई-सूबेदार के 500 पद: मप्र में आठ साल पहले एसआई-सूबेदार पदों पर भर्ती हुई थी। वर्तमान में 1200 से ज्यादा पद रिक्त हैं। भर्ती नियमों में संशोधन लंबित था, लेकिन अब नोटिफिकेशन जारी होने के बाद 500 पदों पर भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। ऑफिस स्टाफ के 500 पद: स्टेनो और एएसआई (एम) पदों पर पिछले आठ साल से भर्ती नहीं हुई थी। पुलिस मुख्यालय ने 1 जनवरी को प्रस्ताव भेजा, जिसके बाद 30 जनवरी को शासन ने मंजूरी दी। अब 100 स्टेनो और 400 एएसआई (एम) पदों पर भर्ती होगी। रिक्त पदों पर जल्द होगी भर्ती
मप्र पुलिस में रिक्त पदों की संख्या काफी ज्यादा है। शासन इन पदों पर भर्ती की मंजूरी दे रहा है। जल्द ही रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी। -कैलाश मकवाणा, डीजीपी


