पाली में बाइक सवार युवक को मवेशी ने टक्कर मार दी। हादसे में मवेशी के सींग से युवक का पेट करीब 6 इंच तक फट गया। उसकी आंतें बाहर आ गई। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने उसे संभाला और कपड़े से उसकी आंतों को पेट से बांधकर हॉस्पिटल लेकर पहुंचे, जहां उसका इलाज जारी है। हादसा जिले के कुलथाना गांव के पास देर रात हुआ। युवक का बांगड़ हॉस्पिटल में 5 घंटे तक इलाज चला, जिसमें करीब 8 फीट तक युवक की छोटी आंत को काट कर वापस जोड़ा गया। वहीं जान बचाने के लिए 4 यूनिट ब्लड भी चढ़ाया गया। जानकारी के अनुसार, पाली के हेमावास गांव निवासी मोहम्मद अली(30) पुत्र मोहम्मद मुश्ताक मुस्लिम मुसाफिर खाना के नीचे पंचर की शॉप चलाता है और ड्राइविंग भी करता है। मंगलवार देर रात को वह कुलथाना गांव से वापस पाली की तरफ बाइक से आ रहा था। इस दौरान कुलथाना गांव के निकट ही उसकी बाइक के सामने अचानक मवेशी आ गया। हादसे में मवेशी का सींग उसके पेट में घुस गया। जिससे करीब 6 इंच तक उसका पेट फट गया और आंतें बाहर आ गई। ग्रामीणों ने हादसा देखा तो पेट से बाहर आई आंतों को कपड़े से युवक के पेट पर बांधा और इलाज के लिए बांगड़ हॉस्पिटल लेकर पहुंचे। मंगलवार रात करीब 12:15 बजे घायल युवक को पाली के बांगड़ हॉस्पिटल लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद रात करीब ढाई बजे ऑपरेशन शुरू किया गया। यह बुधवार सुबह 7 बजे तक चला। डॉक्टर बोले- गैंगरीन हो गया, जिससे 8 फीट तक काटी छोटी आंत
ऑपरेशन करने वाले बांगड़ हॉस्पिटल के डॉक्टर मोहनलाल ने बताया- युवक को जब लाया गया तो उसकी हालत गंभीर थी। तुरंत ऑपरेशन शुरू किया गया। हादसे में उसकी बॉडी से काफी खून बह चुका था। ऐसे में ऑपरेशन के दौरान 4 यूनिट ब्लड चढ़ाना पड़ा। छोटी आंत का काफी हिस्सा काला पड़ गया, जिससे गैंगरीन हो गया। आंत का खराब हिस्सा होने से करीब आठ फीट तक छोटी आंत को काटकर उसे वापस जोड़ा गया। मरीज की बड़ी आंत में भी घाव हो गया था। उसे भी ऑपरेशन से ठीक किया गया। फिलहाल मरीज हॉस्पिटल में भर्ती है और लाइफ सेविंग सपोर्ट देकर इलाज किया जा रहा है। ऑपरेशन करने वाले टीम में डॉक्टर दिनेश सोलंकी, डॉ स्वाति ओझा, डॉ बाबूलाल, डॉ ओपी सुथार शामिल रहे। ऑपरेशन डॉ एमएल लोहिया के निर्देशन में किया गया।


