दौसा के लवाण थाना इलाके में ब्यावर-दौसा ट्रांसमिशन लाइन के कार्य की साइट से 29 जनवरी को चोरी हुई थी। चोर करीब 200 मीटर हाईटेंशन तार और AL59 कन्डकटर ले गए थे। चोरी के इस मामले में पुलिस और कोर्ट ने नजीर पेश कर दी। एक तरफ जहां पुलिस ने मामला दर्ज होने के 24 घंटे के अंदर 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया तो वहीं कोर्ट ने 14 दिन के अंदर मैराथन सुनवाई कर दोषियों को 3-3 साल की सजा सुना दी। लवाण थाना पुलिस ने जांच करते हुए अपर न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट दौसा में चालान पेश किया था। कोर्ट में पहली बार 17 फरवरी को सुनवाई शुरू हुई। इसके बाद कोर्ट ने 19, 23, 24 व 25 फरवरी को लगातार सुनवाई करते हुए 26 फरवरी को सजा का ऐलान कर दिया। कोर्ट ने इन्हें सुनाई सजा जज पुलकित शर्मा ने मामले में दोषी पाए गए जुबेल नादप (मालदा, पश्चिम बंगाल), शंकर शाह (मालदा, पश्चिम बंगाल), विष्णु खारवाल (डुंगरावता, दौसा) और सीताराम खारवाल (पूरणवास, लवाण) को 3-3 वर्ष का कारावास व 10-10 हजार रुपए जुर्मने की सजा सुनाई। कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा- जब बाड़ ही खेत खाने लग जाए तो रखवाली कौन करेगा? जब रक्षक ही भक्षक बन जाए, यानी जब सुरक्षा की जिम्मेदारी उठाने वाले लोग ही नुकसान पहुंचाने लगें तो विश्वसनीयता ही खत्म हो जाएगी। SP बोले- पहली बार कम समय में सजा हुई मामले को लेकर दौसा एसपी सागर राणा ने बताया- एफआईआर दर्ज होने से लेकर सजा तक की पूरी प्रक्रिया में एक माह से भी कम समय लगा। कोर्ट ने सिर्फ 14 दिन में सुनवाई पूरी कर प्रत्येक दोषी को 3-3 साल की कैद और जुर्माने की सजा सुनाई। जिले में ऐसा पहली बार हुआ है कि किसी मामले में सबसे कम समय में सजा का ऐलान हुआ है।


