मानसा जिले में ईंट-भट्ठा मजदूरों ने अपनी मांगों को लेकर डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में संगरूर, बठिंडा, मानसा और बरनाला जिलों से बड़ी संख्या में मजदूर शामिल हुए।मजदूर और किसान संगठनों के नेतृत्व में चार जिलों के ईंट-भट्ठा मजदूर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों पर सवार होकर जिला कचहरी पहुंचे। इसके बाद उन्होंने डीसी कार्यालय के बाहर धरना शुरू कर दिया। मजदूर नेताओं ने आरोप लगाया कि पूरे पंजाब में ईंट-भट्ठा मजदूरों का शोषण किया जा रहा है।उन्होंने बताया कि मजदूरों को पूरा मेहनताना नहीं मिल रहा है और भट्ठों पर पीने के पानी जैसी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। आंदोलन तेज करने की चेतावनी मजदूर नेता कुलदीप सिंह कोट धर्मू ने बताया कि मजदूर लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों को कई बार मांग पत्र सौंपे गए, लेकिन उनकी समस्याओं का समाधान अब तक नहीं हुआ है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो आने वाले दिनों में पूरे पंजाब में आंदोलन को और तेज किया जाएगा। झूठे मामले दर्ज करने की धमकी देने का आरोप
मजदूरों ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ भट्ठा मालिक उन्हें काम से हटाने और झूठे मामले दर्ज कराने की धमकियां दे रहे हैं। साथ ही, उन्हें धरनों में शामिल होने से भी रोका जा रहा है। इसके बावजूद, मजदूरों ने कहा कि वे अपने अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे।


