भास्कर न्यूज | बठिंडा मार्च महीने दौरान तापमान में हो रही असाधारण बढ़ोत्तरी को ध्यान में रखते हुए खेतीबाड़ी तथा किसान भलाई विभाग की ओर से जिले के किसानों के लिए गेहूं की फसल संबंधी विशेष एडवाइजरी जारी की है। मुख्य खेतीबाड़ी अफसर डा. हरबंस सिंह सिद्धू ने कहा इस समय गेहूं की फसल दाना बनने तथा दाना भरने के पड़ाव में है। इस दौरान अधिक तापमान फसल की उपज तथा गुणवत्ता पर नकारात्मक असर डाल सकता है। उच्च तापमान कारण दाने की भरावट घटने की संभावना होती है, जिससे पैदावार में कमी आ सकती है। इस स्थिति को ध्यान में रखते हुए किसानों को अपील है कि वे फसल को गर्मी से बचाने के लिए समय पर जरूरी कदम उठाएं तथा विभाग द्वारा जारी सिफारिशों की पालना करें। गेहूं की फसल में मिट्टी की नमी कायम रखने के लिए जरूरत अनुसार तथा खासकर दाना भरने के पड़ाव दौरान हलकी सिंचाई की जाए। सिंचाई सुबह जल्दी या शाम के समय की जाए ताकि ताकि वाष्पीकरण कम हो तथा पानी की बचत हो सके। बिना जरूरत नाइट्रोजन खादों का अतिरिक्त इस्तेमाल से परहेज किया जाए क्योंकि इससे गर्मी का असर बढ़ सकता है। इसके अलावा फसल में नदीन, कीट तथा बीमारियों की नियमित निगरानी की जाए तथा किसी प्रकार के लक्षण प्रकट होने पर तुरंत खेती विशेषज्ञों से संपर्क किया जाए। खेतों में पानी खड़ा न होने दिया जाए तथा निकास प्रबंध सुचारु रखा जाए। तापमान का तनाव कम करने तथा दाने की भरावट सुधारने के लिए 13:0:45 (पोटाशियम नाईट्रेट) का छिड़काव सिफारिश अनुसार किया जा सकता है। उन्होंने कहा जारी की सलाह की पूरी पालना कर गेहूं की फसल को उच्च तापमान के बुरे प्रभाव से बचाएं तथा अधिक से अधिक उत्पादन यकीनी बनाएं। अधिक जानकारी के लिए किसान नजदीकी खेतीबाड़ी दफ्तर से संपर्क कर सकते हैं।


