मुरैना में दबंगों ने एक शासकीय भूमि पर जबरन कब्जा कर लिया। जमीन जाटव समाज के लोगों की है। जब भूमि स्वामियों ने अवैध कब्जे का विरोध किया तो दबंगो ने उनके साथ मारपीट कर दी। घटना के विरोध में पूरा गांव एकत्रित हो गया। गांव के लगभग दो सौ से ज्यादा लोग रैली के रूप में शासकीय गेस्ट हाउस से न्यू कलेक्ट्रेट पहुंचे और जमकर नारेबाजी की। अपनी मांगों का ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। बता दें कि, मुरैना गांव में जमीन का सर्वे नंबर 989 या फिर 989 / 2767 को शासकीय रकवे में कम कर दिया गया है। इसके साथ ही बगल में मौजूद दूसरी जमीन जिसका रकवा नंबर 990 है उसमें बढ़ोतरी कर दी गई है। जमीन पर मुरैना गांव के ही निवासी सुरेश किरार, राजकुमार किरार, लोकेंद्र किरार तथा रणवीर किरार ने कब्जा कर कर उस पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। पिटाई करने का लगाया आरोप
आरोप है कि जब स्थानीय दलित समाज के लोगों ने उन लोगों को उस शासकीय जमीन पर कब्जा करने से रोका तो उन लोगों ने उनकी पिटाई कर दी। घटना 8 नवंबर 2024 की है। वर्तमान में दबंग जमीन में निर्माण कार्य कर रहे हैं। धरने पर मौजूद लोगों ने बताया कि दबंगों ने लाठी डंडों से दलित समाज के युवक श्रीकांत जाटव, रोहित जाटव, विजयपाल जाटव तथा विवेक जाटव के साथ मारपीट की। इस घटना के बाद आरोपियों के खिलाफ सिविल लाइन थाने में मामला दर्ज कराया गया। ग्रामीणों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की है कि उपरोक्त सर्वे नंबरों की जांच करने के बाद, नशे के अनुसार सीमांकन कराया जाए तथा उसके बाद अवैध निर्माण को चिह्नित करने के बाद उसको तोड़ा जाए। एसडीएम ने दिया कार्रवाई का आश्वासन
काफी देर तक जब दलित समुदाय के लोग कलेक्ट्रेट पर नारेबाजी करते रहे इसके बाद एसडीएम मौके पर पहुंचे और उन्होंने ज्ञापन लेते हुए कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।


