झाबुआ: त्यौहारों के उल्लास के बीच झाबुआ के मोकमपुरा गांव में युवाओं ने जनसेवा की मिसाल पेश की है। दीवान भूरिया और उनके साथियों ने मोकमपुरा-चन्द्रगढ़ मार्ग पर एक खतरनाक मोड़ पर जमा रेती और गिट्टी को साफ कर संभावित बड़े हादसे को टाल दिया। यह घटना तब हुई जब पूरा क्षेत्र त्यौहार की खुशियों में डूबा हुआ था। यह समस्या मोकमपुरा से चन्द्रगढ़ जाने वाले मार्ग पर लिमड़ा के पास एक खतरनाक मोड़ पर उत्पन्न हुई थी। हाल ही में ग्राम पंचायत द्वारा यहां सीसी रोड का निर्माण कराया गया था। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद ठेकेदार ने सड़क पर रेती, गिट्टी और धूल छोड़ दी थी, जिससे यह स्थान दुपहिया वाहन चालकों के लिए बेहद खतरनाक हो गया था। इस बिखरी हुई सामग्री के कारण कई वाहन चालक असंतुलित होकर फिसल रहे थे, जिससे किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी हुई थी। सड़क पर बढ़ते खतरे को देखते हुए सामाजिक कार्यकर्ता दीवान भूरिया ने त्यौहार की छुट्टी मनाने के बजाय मार्ग को सुरक्षित करने का निर्णय लिया। उन्होंने अपने साथी मोहन भाई गामड और गोपाल भाई भूरिया के साथ मिलकर फावड़ा और झाड़ू उठाई। इन युवाओं ने कड़ी मेहनत से मोड़ पर जमा सारी रेती और गिट्टी को हटाया और झाड़ू लगाकर सड़क को पूरी तरह साफ कर दिया। त्यौहार के दिन अपने निजी स्वार्थ को छोड़कर जनसेवा के इस कार्य की ग्रामीणों द्वारा खूब प्रशंसा की जा रही है। शिक्षित युवाओं द्वारा उठाया गया यह कदम समाज के लिए एक प्रेरणा बन गया है कि प्रशासन के भरोसे बैठने के बजाय जागरूक नागरिक बनकर भी समस्याओं का समाधान किया जा सकता है।


