चेक बाउंस में तिहाड़ जेल गए एक्टर राजपाल यादव का मामला तूल पकड़ने लगा है। सोशल मीडिया पर चर्चा है कि राजपाल की मदद के लिए सोनू सूद और तेज प्रताप यादव समेत कई हस्तियां सामने आई हैं। हालांकि राजपाल के बड़े भाई श्रीपाल यादव ने इन खबरों का खंडन किया है। दैनिक भास्कर से बातचीत में श्रीपाल ने दावा किया- अब तक राजपाल की किसी ने आर्थिक मदद नहीं की है। हमारे खाते में एक भी रुपया नहीं आया है। किसी ने फोन करके परिवार से संपर्क भी नहीं किया है। उन्होंने गुस्से में कहा- मेरा भाई बॉलीवुड में मेहनत कर रहा है, किसी से भीख नहीं मांग रहा है। जहां तक सोनू सूद ने मदद के लिए कहा है तो भरोसा है कि वो मदद करेंगे। राजपाल यादव मूलरूप से उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर के रहने वाले हैं। यहां उनका कुंडरा गांव में आलीशान घर है। एक साल पहले ही उनके पिता नौरंग लाल का दिल्ली एम्स में इलाज के दौरान निधन हो गया था। जिसके बाद वे जनवरी 2025 में पिता के अंतिम संस्कार के लिए शाहजहांपुर आए थे। राजपाल यादव ने 2010 में एक फिल्म बनाने के लिए प्राइवेट कंपनी से 5 करोड़ रुपए का लोन लिया था। फिल्म फ्लॉप रही और समय पर कंपनी को भुगतान नहीं कर सके। कंपनी ने 2018 में केस कर दिया। इसी मामले में राजपाल यादव को जेल हुई है। अब हाईकोर्ट ने राजपाल यादव को अतिरिक्त समय देने से इनकार कर दिया है। अब पढ़िए श्रीपाल यादव से खास बातचीत… ‘अगर मदद की है तो बताएं पैसा कहां दिया’
श्रीपाल ने कहा- जो व्यक्ति राजपाल का अकाउंट संभालते हैं, उन्होंने भी किसी आर्थिक सहायता के आने की पुष्टि नहीं की है। अगर किसी ने मदद की है, तो पैसा कहां दिया गया? किसे दिया गया? इसकी जानकारी परिवार को क्यों नहीं है? अगर वास्तव में किसी ने सहायता की है तो परिवार उनका आभारी रहेगा, लेकिन अगर केवल सोशल मीडिया पर बयानबाजी हो रही है तो यह गलत है। “मेरा भाई मेहनत कर रहा है, भीख नहीं मांग रहा”
भावुक होते हुए श्रीपाल ने कहा कि मेरा भाई बॉलीवुड में मेहनत कर रहा है, भीख नहीं मांग रहा। आर्थिक तंगी की जो बातें उड़ाई जा रही हैं, वे सरासर गलत हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजपाल यादव काम कर रहे थे और उनकी आर्थिक स्थिति को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों में कोई सच्चाई नहीं है। जिस रकम को कर्ज बताया जा रहा है, वह दरअसल एक फिल्म निर्माण के लिए निवेश था। दूसरे पक्ष ने अपने बेटे को फिल्म में रखने की बात कही थी। पैसा फिल्म के लिए निवेश के तौर पर दिया गया था, न कि कर्ज या ब्याज पर। श्रीपाल का दावा है कि फिल्म रिलीज होने से पहले ही दूसरे पक्ष ने असंतोष जताना शुरू कर दिया और बाद में निवेश की रकम को कर्ज बताकर मामला बना दिया। राजपाल बेहद सीधे स्वभाव के इंसान हैं। उन्होंने भरोसे में कागजों पर साइन कर दिए। कागज पढ़े नहीं। इसे गलती कहें या उनकी सादगी, लेकिन भरोसा ज्यादा था। राजपाल यादव का आलीशान मकान… हम सच्चे हैं, सच्चाई की जीत होगी
श्रीपाल ने कहा- परिवार का मुख्य सदस्य जेल में है, ऐसे में मायूसी स्वाभाविक है। कहने को कह दें कि हम परेशान नहीं हैं, लेकिन दुख तो है। घबराहट नहीं है, क्योंकि हम सच्चे हैं। देर हो सकती है, लेकिन सच्चाई की जीत होगी। उन्होंने कोर्ट से अपील की कि राजपाल की बात भी पूरी गंभीरता से सुनी जाए। हमारी बात सुनने के बाद जो भी सजा होगी, वह मंजूर होगी। स्थानीय सपा नेता लखन प्रताप सिंह ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर 51 हजार रुपए मदद के तौर पर ट्रांसफर करने का दावा किया है। उन्होंने कहा कि उनकी राजपाल के छोटे भाई से बात हुई थी और खाते में राशि भेजी गई है। हालांकि, परिवार का कहना है कि उन्हें ऐसी किसी सहायता की जानकारी नहीं है। अब पढ़िए राजपाल यादव से जुड़ा चेक बाउंस मामला…
साल 2010 में राजपाल यादव ने फिल्म ‘’अता पता लापता” बनाने के लिए प्राइवेट कंपनी मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से 5 करोड़ रुपए का कर्ज लिया था। ये फिल्म फ्लॉप रही और राजपाल यादव को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ा। राजपाल यादव समय रहते कर्ज की रकम नहीं लौटा सके। लोन लेते समय राजपाल यादव ने जो चेक कंपनी को दिए थे वो बाउंस हो गए, जिसके बाद एक्टर के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई गई। दोनों पार्टी के बीच समझौते के बावजूद पूरी पेमेंट नहीं हुई और समय के साथ ब्याज जुड़ता गया, जिससे कुल कर्ज काफी बढ़ गया। साल 2018 में दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने राजपाल यादव को दोषी ठहराया और उन्हें छह महीने की जेल की सजा सुनाई। इसके बाद उन्होंने उच्च अदालत में अपील की, जहां उन्हें कई बार राहत मिली, क्योंकि उन्होंने भुगतान और समझौते का भरोसा दिया था। सोनू सूद और तेज प्रताप यादव मदद को आए थे आगे
राजपाल यादव की मदद के लिए फिल्म जगत की कई नामचीन हस्तियां आगे आने की बात कह रही हैं। सबसे पहले अभिनेता सोनू सूद ने मदद की बात कही। उन्होंने अपने आधिकारिक ट्विटर ‘X’ हैंडल पर लिखा- राजपाल यादव एक बहुत ही प्रतिभाशाली अभिनेता हैं, जिन्होंने हमारी फिल्म इंडस्ट्री को कई यादगार और अविस्मरणीय काम दिए हैं। कभी-कभी जिंदगी अन्यायपूर्ण हो जाती है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि किसी में टैलेंट की कमी है, बल्कि समय कभी-कभी बहुत कठोर हो सकता है। वह मेरी फिल्म का हिस्सा होंगे और मेरा मानना है कि यह वह समय है जब हम सभी प्रोड्यूसर, डायरेक्टर और सहयोगी एक साथ खड़े हों। जो छोटा सा साइनिंग अमाउंट दिया जाएगा, जिसे भविष्य के काम के हिसाब से समायोजित किया जा सकता है, यह कोई दान नहीं है, बल्कि यह उनका सम्मान और गरिमा है। तेज प्रताप यादव बोले- मैं 11 लाख की मदद दे रहा
राजपाल यादव की मदद की घोषणा करते हुए राजनेता तेज प्रताप यादव ने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा- मुझे अभी मेरे बड़े भाई राव इंद्रजीत यादव जी की पोस्ट के माध्यम से माननीय राजपाल यादव जी के परिवार की पीड़ा के विषय में जानकारी प्राप्त हुई। इस अत्यंत कठिन समय में मैं और मेरा पूरा JJD (जन शक्ति जनता दल) परिवार, उनके शोकाकुल परिवार के साथ पूरी संवेदना और मजबूती से खड़ा है। मानवीय करुणा एवं सहयोग की भावना से, मैं JJD परिवार की ओर से ₹11,00,000 (ग्यारह लाख रुपए) की आर्थिक सहायता उनके परिवार को प्रदान कर रहा हूं। ————————————- ये खबर भी पढ़िए… पीलीभीत में महिला को बाघ ने मार डाला:घर से 200 मीटर दूर घने जंगल में मिला क्षत-विक्षत शव, पेट और गले का मांस गायब
पीलीभीत में 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला को बाघ ने मार डाला। महिला किसी काम के चलते जंगल में गई हुई थी। तभी झाड़ियों में छिपे बाघ ने हमला कर दिया। जबड़े में गला दबोचकर घने जंगल में लेकर चला गया। परिजनों को सुबह महिला का शव कॉलोनी से महज 200 मीटर दूर जंगल में पड़ा मिला। महिला के पेट और गले का मांस गायब था। गले की हड्डी को बाघ ने तोड़ दिया था। शरीर पर खरोंच के कई निशान थे। पढ़िए पूरी खबर..


