जेडीयू के राज्यसभा प्रत्याशियों के नाम पर सस्पेंस बना हुआ है। मीडिया रिपोर्ट में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने की संभावना जताई जा रही है।
हालांकि, पार्टी ने अब तक इस चर्चा का खंडन नहीं किया है। बताया जा रहा है कि आज शाम 6 बजे तक जेडीयू अपने दोनों प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर देगी। भास्कर के सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री रामनाथ ठाकुर का राज्यसभा जाना तय है। उन्होंने अपने नामांकन से जुड़ी सभी प्रक्रिया पूरी कर ली है। दूसरे कैंडिडेट के तौर पर नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार का नाम आगे है। बताया जा रहा है कि नीतीश कुमार निशांत को लेकर अभी गहन मंथन कर रहे हैं। इस बीच दिल्ली से पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा आज पटना पहुंच गए हैं। सियासी हालातों को देखते हुए ये 3 सिचुएशन बन रही है अगर निशांत राज्यसभा जाते हैं तो इसके 2 बड़े मायने 1. नीतीश रिटायर होने वाले हैं नीतीश कुमार 76वें साल में प्रवेश कर गए हैं। उनके साथ स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें है। ऐसे में समय-समय पर पार्टी के अंदर और बाहर उनके उत्तराधिकारी की मांग होती रहती है। JDU कार्यालय के बाहर भी कई मौकों पर नीतीश के बाद निशांत का नारा लिखा पोस्टर लग चुका है। 2. JDU का भविष्य तय निशांत कुमार के राज्यसभा जाते ही स्वतः JDU का भविष्य तय हो जाएगा। मतलब कि पार्टी नीतीश के बाद भी चलती रहेगी, खत्म नहीं होगी। फिलहाल पार्टी में कोई बड़ा नेता नहीं है। 2 पॉइंट में नीतीश ने निशांत को कैसे JDU की मजबूरी बनाया 1. सेकेंड लाइन नेताओं को किया किनारे 2003 में बनी JDU बीते 23 साल से नीतीश की छांव में ही चल रही है। नीतीश कुमार ही चेहरा हैं। दूसरे नंबर पर जरूर कुछ नेता पहुंचे, लेकिन वे लंबे समय तक टिक नहीं पाए या टिकने नहीं दिया गया।


