भास्कर न्यूज | बिश्रामपुर छत्तीसगढ़ दिव्यांगजन वित्त एवं विकास निगम के अध्यक्ष लोकेश कावड़िया बिश्रामपुर स्थित ज्ञानोदय मूकबधिर विद्यालय पहुंचे। उनके साथ निगम के डायरेक्टर हरेंद्र पटेल भी उपस्थित रहे। अतिथियों का स्वागत संस्था अध्यक्ष विजयराज अग्रवाल ने किया। विद्यालय के प्रवेश द्वार पर श्रवणबाधित बालिकाओं और शिक्षिकाओं ने पुष्पगुच्छ भेंट कर तथा पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। कावड़िया ने विद्यालय परिसर का अवलोकन किया और कौशल प्रशिक्षण प्राप्त विद्यार्थियों द्वारा तैयार हस्तशिल्प सामग्रियों की प्रदर्शनी देखी। उन्होंने बच्चों की कला और मेहनत की सराहना की। अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि विद्यालय के विद्यार्थी बीकानेर और रायपुर में आयोजित दिव्यांगजन कौशल विकास शिविरों में भाग लेकर आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने विद्यालय की व्यवस्थाओं और शिक्षकों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे प्रयासों से दिव्यांगजन समाज की मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं। कावड़िया ने बताया कि शासन द्वारा दिव्यांगजनों के लिए स्वरोजगार को प्रोत्साहित करने के लिए योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इच्छुक दिव्यांगजन 50 लाख रुपए तक के ऋण के लिए आवेदन कर सकते हैं और आवश्यकता अनुसार प्रशिक्षण भी मिलेगा। संस्था अध्यक्ष विजयराज अग्रवाल ने बताया कि विद्यालय के बच्चे सिलाई-कढ़ाई, नेल आर्ट, गजरा मेकिंग, लिप्पन आर्ट, वॉल पुट्टी आर्ट, हर्बल लिप बाम, साबुन, पेन बाम, एलोवेरा बेस साबुन और कैंडल मेकिंग जैसी विधाओं से आकर्षक उत्पाद तैयार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि निगम के अंतर्गत स्वरोजगार हेतु इच्छुक 12वीं पास विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों के लिए शीघ्र ही सेमिनार आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान कावड़िया ने बच्चों के साथ समय बिताया और उनके कार्यों को देखकर प्रसन्नता व्यक्त की। इस अवसर पर विद्यालय स्टाफ के अलावा सिद्धार्थ तिवारी, तुलेश्वर प्रताप सिंह जायसवाल, रक्षा अग्रवाल, अंकुश अग्रवाल सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।


