भास्कर न्यूज | जामताड़ा जामताड़ा में यूजी सेमेस्टर-2 की परीक्षा को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। छात्राओं का कहना है कि तय तारीख के बजाय एक दिन पहले ही परीक्षा ले ली गई और उन्हें परीक्षा में बैठने नहीं दिया गया। इस मामले में छात्राओं ने उपायुक्त को आवेदन सौंपकर दोबारा परीक्षा लेने की मांग की है। जामताड़ा जिले के महिला कॉलेज की छात्राओं ने यूजी सेमेस्टर-2 की परीक्षा नहीं होने का आरोप लगाते हुए जिला प्रशासन से शिकायत की है। छात्राओं का कहना है कि पॉलिटिकल साइंस, एमडीसी ग्रुप-सी की परीक्षा की तारीख 17 फरवरी 2026 निर्धारित थी, लेकिन कॉलेज प्रशासन ने एक दिन पहले ही परीक्षा ले ली। जब छात्राएं निर्धारित तिथि पर परीक्षा देने कॉलेज पहुंचीं, तो उन्हें यह कहकर अंदर नहीं जाने दिया गया कि परीक्षा पहले ही हो चुकी है। छात्रों ने उपायुक्त से की दोबारा परीक्षा लेने की मांग कल्याणी कुमारी परीक्षार्थी ने कहा कि हम लोग सेमेस्टर-2 का एग्जाम दे रहे थे। रूटीन के अनुसार परीक्षा आज थी, बीते लेकिन कल ले ली गई। जब आज कॉलेज पहुंचे तो कहा गया कि एग्जाम हो चुका है। प्रतिभा कुमारी परीक्षार्थी ने कहा कि मैं महिला कॉलेज की छात्रा हूं। हमारे एग्जाम की तारीख 17 फरवरी को थी, लेकिन कल 16 फरवरी को जियोलॉजी एमडीसी ग्रुप-सी का एग्जाम ले लिया गया। जब हम लोग आज एग्जाम देने पहुंचे तो कॉलेज प्रशासन ने कहा कि आप लोग रूटीन ठीक से नहीं देखते हैं और हमें अंदर नहीं जाने दिया। परीक्षार्थियों ने बताया कि लगभग 50 परीक्षार्थी परीक्षा से वंचित रह गई है। विश्वविद्यालय के आदेश के अनुसार ही परीक्षा ली गई है-प्रोफेसर कॉलेज प्रशासन के प्रो रत्नेश कुमार झा ने कहा कि छात्राओं द्वारा लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह गलत हैं। परीक्षा कार्यक्रम में स्पष्ट रूप से एमडीसी फ्लोवाइज ग्रुप का उल्लेख है। जिस ग्रुप में जो विषय है, उसी तिथि पर परीक्षा ली जाती है। एमडीसी जियोलॉजी और बॉटनी की परीक्षा पहले ही हो चुकी है। छात्राएं अपने ऑनर्स ग्रुप को देखकर आई थीं। यह विश्वविद्यालय की परीक्षा है, घरेलू परीक्षा नहीं। विश्वविद्यालय के आदेश के अनुसार ही परीक्षा ली गई है। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस पूरे मामले में क्या निर्णय लेता है।


