बहरापन से बचाव और कंट्रोल को लेकर राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहमत विश्व श्रवण शक्ति दिवस पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन फरीदकोट के सिविल अस्पताल में किया गया। कार्यक्रम का विषय कम्यूनिटी से क्लासरूम सभी बच्चों के लिए श्रवण शक्ति की देखभाल था। डॉ. पवनजीत सिंह गुलाटी ने बताया कि पंजाब सरकार द्वारा करीब 10 लाख रुपए की लागत वाला कॉकलियर इंपलांट बिल्कुल मुफ्त लगाया जा रहा है। जिसका उपचार सभी सरकारी मैडीकल कालेजों में किया जाए। इस जागरूकता सेमीनार दौरान कान नाक गले के विशेषज्ञ डा मनप्रीत कौर ने बताया कि रोजाना की लापरवाही कारण आम लोगों में श्रवण शक्ति कम होने साथ संबंधित बीमारियों की संख्या बढ़ रही है। पहले यह लक्षण ज्यादातर बड़ी उम्र के लोगों में पाए जाते थे, परन्तु अब नौजवान वर्ग में भी श्रवण शक्ति कम होने के मरीज ज्यादा हो रहे हैं। इसका एक बड़ा कारण बच्चों और नौजवान वर्ग द्वारा हैडफोन और ईयरफोन लगा कर मोबाइल फोन के द्वारा ऊँची आवाज में गाने सुनना है। डिप्टी मास मीडिया अधिकारी सुधीर धीर और लखविन्दर कैंथ ने बताया कि कानों में गंदा पानी जाने से रोकने से कानों में तीखे चीजें, माचिस की तीली, कान साफ करने वाले बड्स का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। सड़क किनारे बैठे व्यक्तियों से कान साफ करवाने से परहेज करना चाहिए। कान में दर्द होना या खून बहना जैसी समस्या होने पर तुरंत जांच करवानी चाहिए। उन बताया कि श्रवण शक्ति ठीक रखने के लिए हर मानव अपने कानों को टीवी रेडियो, पटाखों, की ऊँची आवाज से बचाना चाहिए।


