निमाड़ के प्रसिद्ध संत सियाराम बाबा का मोक्षदा एकादशी के दिन ब्रह्ममुहूर्त में निधन हो जाने से संपूर्ण हिंदू समाज में शोक व्याप्त है। बुधवार की शाम शहर के पशु चिकित्सालय के निकट संकट मोचन हनुमान मंदिर में श्रद्धालुओं ने राम नाम का जाप कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। खरगोन जिले के तेली भट्यान में बुधवार सुबह जैसी ही संत सियाराम बाबा के ब्रह्मलीन होने की खबर भक्तों के बीच पहुचीं। उनके अनुयायियों उन्हें कीर्तन के माध्यम से श्रद्धांजलि देने लगे। संत सियाराम बाबा के भक्तों का कहना है कि वह मां नर्मदा के तट पर सालों से रहकर भगवान राम का स्मरण कर जगह के कल्याण की कामना कर रहे थे। जो कि निमाड़ ही नहीं बल्कि पूरे देश के एक महान संत थे। जिनका मोक्षदा एकादशी के दिन देवलोकगमन हुआ है। पूर्व मंत्री कमल पटेल ने शोक व्यक्त किया पूर्व मंत्री कमल पटेल ने सियाराम बाबा के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “निमाड़ के महान संत सियाराम बाबा का निधन हम सभी के लिए गहरा आघात है। बाबा का जीवन भक्ति और साधना से ओत-प्रोत था। उनकी शिक्षाएं और आशीर्वाद हमें हमेशा प्रेरित करते रहेंगे। उनका स्मरण हमेशा हमारे दिलों में रहेगा और वह हम सबका मार्गदर्शन करते रहेंगे।’


