रवि कुमार | लोहरदगा| कुडू एक तरफ करोड़ों की लागत से सड़क निर्माण और नाली निर्माण कर विकास के कार्य किए जा रहे है। वहीं दूसरी ओर विकास कार्य के नाम पर सड़क चौड़ीकरण और नाली निर्माण कर रही एजेंसी के द्वारा ब्लॉक मोड़ से इंदिरा गांधी चौक तक सड़क के दोनों ओर पेयजलापूर्ति के बिछाए गए सैकड़ों लोगों के वाटर कनेक्शन के पाइप को क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। नतीजा साढ़े आठ करोड़ की लागत से निर्माण किया गया कुडू ग्रामीण जलापूर्ति योजना पर ग्रहण लग गया है। वहीं सैकडों वाटर कनेक्शनधारियों के समक्ष विकट परिस्थिति उत्पन्न हो गई है। मामला यह है कि नेशनल हाइवे 143 ए में कुडू से घाघरा तक सड़क चौड़ीकरण और नाली निर्माण कर रही है निर्माण कार्य कर रही वीकेएस कंट्रक्सन कंपनी और एनएचएआई के लापरवाही से कुडू शहरी क्षेत्र में सैकडों लोगों को पेयजलापूर्ति के लिए वाटर कनेक्शन के पाइप क्षतिग्रस्त कर दिया है। सड़क निर्माण कर रही एजेंसी ब्लॉक मोड़ से इंदिरा गांधी चौक तक सड़क के दोनों ओर वाटर कनेक्शन को क्षतिग्रस्त कर दिया है। वही पेयजलापूर्ति के बिछाया गया पाइप लाइन को मशाला युक्त चिप्स से भर कर सड़क कालीकरण कर दिया जा रहा है। जिसके कारण भविष्य में कुडू वासियों को पेयजलापूर्ति योजना का लाभ से भी वंचित होना पड़ रहा है। एक ओर जहां विकास के कार्य किए करोड़ो खर्च किए जा रहे है वही दूसरी ओर हजारों लोगों को प्यास बुझाने वाला करोड़ों रुपए का योजना को ध्वस्त किया जा रहा है। इस भीषण गर्मी में पेयजल के लिए हाहाकार मचा है दूसरी ओर स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रखंड प्रशासन और पीएचईडी विभाग को वाटर कनेक्शन क्षतिग्रस्त होने सूचना भी नहीं है। नाली निर्माण के बाद कुडू शहरी क्षेत्र में कंपनी ने सड़क निर्माण कार्य अधूरा छोड़ दिया है।जिसके कारण शहरी क्षेत्र के दुकानदारों और ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं क्षतिग्रस्त पाइप लाइन को दुरुस्त कराने में पीएचईडी विभाग आंखे मूंदे है। मामले पर बीडीओ सह सीओ मधुश्री मिश्रा ने कहा सड़क निर्माण कार्य कर रही कंपनी के लापरवाही से पेयजलापूर्ति बाधित हुआ है तो मामले की जांच कराएंगे। एनएचआई के एमडी से बात की जाएगी।


