सरदार पटेल सेना ने दोवड़ा थाना पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सेना के प्रदेशाध्यक्ष महेंद्र डांगी ने दावा किया है कि पुलिस ने एक मामूली मारपीट के मामले में पहले दी गई रिपोर्ट पर तुरंत कार्रवाई नहीं की, जबकि दूसरे पक्ष की रिपोर्ट पर गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया। बाद में पहले पक्ष का मामला दर्ज किया गया। यह पूरा मामला दोवड़ा थाना क्षेत्र में हुई एक ‘ट्रैप कार्रवाई’ की बातचीत से जुड़ा बताया जा रहा है। प्रदेशाध्यक्ष महेंद्र डांगी ने बताया कि 10 फरवरी को वे दोवड़ा थाना क्षेत्र के इंदोड़ा गांव में एक कार्यक्रम में गए थे। वहां रामजी पाटीदार और कुछ अन्य लोगों के बीच विवाद हो गया, जिसमें मामूली हाथापाई हुई। इस घटना के बाद रामजी पाटीदार ने दोवड़ा थाने में जाकर रिपोर्ट दर्ज कराई और उसकी रसीद भी ली, लेकिन पुलिस ने उनकी एफआईआर तुरंत दर्ज नहीं की। दो दिन बाद, दूसरे पक्ष से बालकृष्ण पाटीदार ने थाने में रिपोर्ट दी। पुलिस ने इस रिपोर्ट पर तुरंत कार्रवाई करते हुए गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया। इसमें बीच-बचाव करने गए महेंद्र पाटीदार सहित अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया। रामजी पाटीदार की रिपोर्ट पर एफआईआर अंततः 14 फरवरी को, यानी घटना के चार दिन बाद, दर्ज की गई। महेंद्र डांगी ने आशंका जताई है कि पुलिस उन्हें कभी भी गिरफ्तार कर सकती है। इस संबंध में उन्होंने पुलिस अधीक्षक (एसपी), पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) और पुलिस महानिदेशक (डीजी) से शिकायत की है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।


