जदयू विधायक सरयू राय ने सदन में स्वास्थ्य मंत्री डॉ इरफान अंसारी और विभाग के अफसरों के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव रखा। राय ने कहा कि विधानसभा में सभा-सदस्य के किसी प्रश्न का गलत और गुमराह करने वाला उत्तर देना अवमानना है। सभा-सदस्य के सही उत्तर जानने के अधिकार का हनन है। सरयू ने कहा कि 21 मार्च को उनके अल्पसूचित प्रश्न के उत्तर में स्वास्थ्य मंत्री ने सदन को गुमराह किया और स्वास्थ्य विभाग में सही रिपोर्ट होने के बावजूद गलत उत्तर दिया है। इसलिए विशेषाधिकार की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि इसकी प्रति संसदीय कार्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष को भी दी गई है। स्पीकर ने कहा कि आसन ने सूचना को ग्रहण किया है। कार्रवाई के लिए आसन को समय दिया जाए। कई सदस्यों की यह आपत्ति है, इसे देखा जाएगा। सरयू ने कहा कि गुरुवार को सत्र का अंतिम दिन है, इसलिए तुरंत कार्रवाई की जाए। स्पीकर ने कहा-देखेंगे कि कार्रवाई कब की जा सकती है। राय ने कहा, उनका प्रश्न झारखंड राज्य फार्मेसी काउंसिल में निबंधक-सह-सचिव पद पर अनियमित तरीके से नियुक्ति के संबंध में था। सरयू व पूर्व मंत्री की लड़ाई में मुझे न घसीटें: इरफान स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि सरयू राय और पूर्व मंत्री की आपसी लड़ाई में मुझे न घसीटें। तथ्य दें, कार्रवाई करेंगे। विशेषाधिकार हनन के मामले में सरकार सदन में स्पष्ट, तथ्यों पर आधारित और सटीक जवाब देगी। उन्होंने कहा, विभागीय जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उन्हें निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ सदन में रखा जाएगा। राजनीतिक प्रभाव या दबाव में निर्णय नहीं लिया जाएगा।


