सवाई माधोपुर के पुराने शहर में इन दिनों लेपर्ड के मूवमेंट से दहशत बनी हुई है। हालांकि वन विभाग की ओर से पिछले कुछ समय में दो लेपर्ड को पिंजरे में कैद भी किया गया, लेकिन इसके बाद फिर से यहां लेपर्ड का मूवमेंट दिखाई दे रहा है। जिससे शहरवासियों में भय माहौल बना हुआ है। वन विभाग की ओर से होली के दिन नीम चौकी इलाके में एक लेपर्ड के शावक को पिंजरे में कैद किया था। फिर से सीसीटीवी फुटेज में कैद हुआ लेपर्ड अब बीती रात करीब 2.00 बजे एक अन्य लेपर्ड रामलीला मैदान में चहलकदमी करता हुआ दिखाई दिया। लेपर्ड की यह चहलकदमी रामलीला के एक मकान के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। यहां अक्सर यह लेपर्ड आबादी वाले इलाकों में रामलीला मैदान, राजबाग, डूंगरपाडा, तेलन पंसेरी बालाजी के पास रात को बेखौफ घूमता हुआ दिखाई दे रहा है। जिससे लोगों में अनहोनी की आशंका बनी हुई है। लोग रात को जरूरी काम से भी घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं और घर में कैद होकर रह गए हैं। फिलहाल कॉलोनी वासियों ने वन विभाग से इस लेपर्ड को पकड़ने की मांग की है। इन दो लेपर्ड को वन विभाग ने पकड़ा पिछले दिसंबर महीने में एक लेपर्ड के हमले में सात वर्षीय बालक विक्रम बंजारा की मौत हो गई थी। जिसके बाद वन विभाग नीम चौकी रामद्वारा इलाके में पिंजरा लगाकर कर एक लेपर्ड को पकड़ा। इस साल 3 मार्च को वन विभाग ने नीम चौकी इलाके की बंजारा बस्ती में पिंजरा लगाकर फिर से एक लेपर्ड के शावक को पकड़ने में सफलता हासिल की थी। जिसके बाद फिर से लेपर्ड का मूवमेंट देखें जाने से लोगों में भय का माहौल है।


