सिरोही जिला प्रशासन ने गुरुवार को आपातकालीन स्थितियों से निपटने की तैयारियों का जायजा लेने के लिए सारणेश्वर महादेव मंदिर में एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया। कलेक्टर अल्पा चौधरी और पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार के निर्देशन में आयोजित इस ड्रिल में एक काल्पनिक आपात स्थिति बनाई गई। जिला नियंत्रण कक्ष से सूचना दी गई कि मंदिर में शॉर्ट सर्किट से आग लगने के कारण भगदड़ मच गई है। जिसमें चार-पांच लोगों की मौत हो गई है और कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस और पुलिस दल अपने उपकरणों के साथ मौके पर पहुंचे। प्रशासन ने सभी विभागों के प्रतिक्रिया समय का सूक्ष्म आकलन किया। जहां कुछ विभागों ने तत्काल कार्रवाई की। वहीं कुछ विभागों के अधिकारी और कर्मचारियों ने मात्र 3 किलोमीटर की दूरी तय करने में भी आधे घंटे का समय ले लिया। देरी से पहुंचने वाले अधिकारियों से प्रशासन ने जवाब-तलब किया है और कड़ी हिदायत दी है। इस मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन स्थितियों में विभिन्न विभागों की तत्परता और समन्वय का परीक्षण करना था। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वास्तविक आपात स्थिति में किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


