जेएसएससी सीजीएल परीक्षा का पेपर बेचने के आरोप में सीआईडी की एसआईटी ने आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। इन पर अभ्यर्थियों को पेपर के नाम पर दिग्भ्रमित कर उनसे पैसे वसूलने का आरोप है। गिरफ्तार आरोपियों में पांच आईआरबी के सिपाही, एक असम राइफल्स का जवान, एक होमगार्ड जवान और एक असम राइफल्स के जवान का रिश्तेदार है। सभी को सोमवार को गिरफ्तार किया गया है। सीआईडी के मुताबिक गिरोह का सरगना गोरखपुर का है, जिसकी तलाश की जा रही है। सीजीएल परीक्षा 21 व 22 सितंबर 2024 को तीन पाली में ली गई थी। इस मामले में सीआईडी थाने में एक जनवरी 2025 को एफआईआर दर्ज हुई थी। फिर जांच के लिए एसआईटी बनी। जांच के दौरान पता चला कि इन आरोपियों ने अभ्यर्थियों से पेपर देने के नाम पर धोखाधड़ी की। उनसे लाखों रुपए वसूले। एक गिरोह के सदस्यों ने परीक्षा से पहले पेपर देने के नाम पर अभ्यर्थियों से वसूली की। इसके बाद ही पेपर लीक की अफवाह फैली। सीआईडी की ओर से कहा गया है कि अभी तक प्रत्यक्ष व भौतिक रूप से पेपर लीक होने के साक्ष्य नहीं मिले हैं। सीआईडी ने कहा-फर्जीवाड़ा करने वाले गिरोह का सरगना गोरखपुर का, कर रहे तलाश रिजल्ट जारी करने पर कोर्ट ने लगा रखी है रोक: सीजीएल परीक्षा पेपर लीक मामला झारखंड हाईकोर्ट तक पहुंच गया था। हाईकोर्ट ने परीक्षा के अंतिम रिजल्ट जारी करने पर रोक लगा रखी है। सीआईडी ने भी अभ्यर्थियों से पेपर लीक के सबूत मांगे थे। इसके बाद अभ्यर्थियों ने सीआईडी को पांच मोबाइल फोन सहित अन्य साक्ष्य उपलब्ध कराया था। सीआईडी ने इन मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच कराई थी। हालांकि मोबाइल में क्या मिला, इसकी जानकारी अभी तक सार्वजनिक नहीं की गई है।


