भास्कर न्यूज | नारायणपुर सीआरएमसी (छत्तीसगढ़ रूरल मेडिकल कोर) प्रोत्साहन राशि के भुगतान को लेकर बीते सात दिनों से चल रहा डॉक्टरों एवं स्वास्थ्य कर्मियों का ओपीडी बहिष्कार समाप्त हो गया। 17 दिसंबर को आरओपी 2025–26 के अंतर्गत बजट स्वीकृति व 19 दिसंबर को सभी जिलों के सीएमएचओ को भुगतान आदेश जारी किए जाने के बाद डॉक्टरों ने हड़ताल स्थगित करने की घोषणा की। जिला अस्पताल नारायणपुर सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं उपस्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत डॉक्टर, स्टाफ नर्स, आरएमए एवं एएनएम इस आंदोलन में पूरी मजबूती से शामिल रहे। सीआरएमसी राशि के 12 माह से लंबित भुगतान के विरोध में नारायणपुर जिले में ओपीडी सेवाएं बंद कर शांतिपूर्ण और अनुशासित आंदोलन किया गया था। डॉक्टरों ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि नारायणपुर सहित पूरे बस्तर संभाग के स्वास्थ्य कर्मियों की एकता की जीत है। आंदोलन के दौरान मरीजों की असुविधा के बावजूद आपातकालीन सेवाएं निरंतर चालू रखी गईं। स्वास्थ्यकर्मियों ने स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का आभार व्यक्त किया, जिनके हस्तक्षेप से भुगतान आदेश जारी हो सका। हालांकि डॉक्टरों ने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान बजट से लगभग छह माह की सीआरएमसी राशि का ही भुगतान संभव है, जबकि कुल लंबित अवधि 12 माह की है। शेष राशि के लिए शीघ्र बजट प्रावधान नहीं होने की स्थिति में 27 जनवरी से पुनः आंदोलन की चेतावनी दी गई है। फिलहाल नारायणपुर जिले में ओपीडी सेवाएं पुनः सामान्य रूप से प्रारंभ कर दी गई हैं।


