मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने बुधवार को आंगनबाड़ी सेविकाओं, पर्यवेक्षिकाओं और हेल्प डेस्क कर्मियों को स्मार्ट फोन बांटा। उन्होंने कहा-तकनीक रोज बदल रही है। ऐसे में आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से संचालित योजनाओं, सेवाओं और गतिविधियों में डिजिटलाइजेशन को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे काम में सहूलियत भी होगी और तेजी भी आएगी। महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि आज हर हाथ में स्मार्ट फोन है। यह काम को आसान बना रहा है। आज स्मार्ट फोन के बिना एक कदम भी आगे बढ़ना आसान नहीं है। इसी को ध्यान में रखकर सरकार आपको स्मार्ट फोन दे रही है। ताकि आप बेहतर ढंग से काम कर सकें। इससे आप आंगनबाड़ी केंद्रों में संचालित गतिविधियों की रिपोर्ट आसानी से तैयार कर सकेंगी। इसे सुरक्षित भी रख सकेंगे। इससे काम की रियल टाइम मॉनिटरिंग भी हो सकेगी। उन्होंने कहा कि आप स्मार्टफोन का इस्तेमाल सरकार द्वारा बताए एप के जरिए सरकारी काम में करें। एप डाउनलोड करने में सावधानी बरतें। लोक-लुभावन और प्रलोभन वाले संदेशों के झांसे में न आएं। क्योंकि थोड़ी सी चूक और लापरवाही हुई तो आपको आर्थिक नुकसान के परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। हेमंत ने कहा- स्मार्टफोन का भी सकारात्मक-नकारात्मक पहलू मुख्यमंत्री ने कहा कि आज स्मार्ट फोन की वजह से पूरी दुनिया मुठ्ठी में कैद सी हो गई है। स्मार्ट फोन की वजह से हमारी जिंदगी का हर पल प्रभावित हो रहा है। आप घर में पर्स भूल सकते हैं, लेकिन स्मार्ट फोन नहीं भूलते। ऐसे में यह कहना लाजमी है कि हर चीज की तरह स्मार्ट फोन के भी सकारात्मक और नकारात्मक पहलू हैं। विशेषकर जिस तरह स्मार्ट फोन के जरिए अपराध के विभिन्न स्वरूप सामने आ रहे हैं, वह काफी चिंता वाली बात है। ऐसे में यह आप पर निर्भर करता है कि आप किस रूप में स्मार्ट फोन का इस्तेमाल करते हैं। अगर स्मार्ट फोन का सुरक्षित तरीके से उपयोग करेंगे, तो इससे आपकी जिंदगी काफी आसान बन जाएगी। इस अवसर पर वरिष्ठ अफसर व अन्य लोग मौजूद थे।


