विधानसभा सत्र से पहले सीएम भजनलाल शर्मा बीजेपी विधायकों से संवाद कर रहे हैं। शनिवार को शुरू हुआ संवाद का सिलसिला सोमवार तक चलेगा। आज रविवार को सीएम भजनलाल शर्मा जोधपुर, उदयपुर और भरतपुर संभाग के विधायकों से संवाद कर रहे हैं। संवाद कार्यक्रम के पहले दिन शनिवार को कोटा संभाग के विधायकों ने सीएम भजनलाल शर्मा के सामने ही मंत्रियों की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए। विधायकों ने एक सुर में कहा- मंत्री विभाग की योजनाओं में विधायकों की राय को तवज्जो नहीं दे रहे हैं। वहीं, क्षेत्र में मंत्रियों की व्यक्तिगत पंसद से ही अधिकारी लगाए जा रहे हैं। इससे अधिकारी विधायक और जनता की नहीं सुन रहे हैं। रविवार सुबह 11 बजे सीएम भजनलाल शर्मा ने सीएमआर में जोधपुर संभाग के विधायकों से संवाद की शुरुआत किया। हर संभाग के विधायकों से सीएम भजनलाल शर्मा 2 घंटे संवाद कर रहे हैं। कांग्रेस नेताओं के कहने पर ज्यादा काम कोटा संभाग की बैठक में विधायक ने कहा- क्षेत्र में बीजेपी नेताओं के कहने से कम और कांग्रेस नेताओं के कहने पर ज्यादा काम हो रहे हैं। उन्होंने सीएम से कहा- बारां जिले में मंत्री मदन दिलावर और मंत्री हीरालाल नागर हमारी नहीं सुनते हैं। मंत्री दिलावर बारां जिले में शिक्षा विभाग में कांग्रेस नेताओं के कहने पर काम करवा रहे हैं। उन्होंने कहा- पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया और उनकी पत्नी उर्मिला जैन भाया के खिलाफ भ्रष्टाचार, भूमि विवाद, वित्तीय लेनदेन में गड़बड़ी जैसे मामले दर्ज हैं, लेकिन कोटा आईजी द्वारा इन मामलों में कार्रवाई नहीं होने दी जा रही है। ऐसे में जनता के बीच हमारी सरकार की छवि खराब हो रही है। सीएम ने पूछा कितना फीसदी काम पूरा हुआ
संवाद कार्यक्रम में सीएम भजनलाल शर्मा ने विधायकों से पूछा- उनके विधानसभा क्षेत्र में कितनी बजट घोषणाएं पूरी हो गईं। वहीं जो घोषणाएं पूरी नहीं हुई, उसके पीछे क्या कारण है। सीएम ने आगामी बजट के लिए भी विधायकों से सुझाव मांगे। सीएम ने कहा- जनता के साथ मजबूत जुड़ाव ही सरकार और जनप्रतिनिधियों के बीच की दूरी को कम करेगा। सीएम ने विधायकों के सभी सुझावों पर विचार करने का आश्वासन दिया। साथ ही सीएम ने मंत्रियों से कहा- वे विधायकों से संवाद रखे और उनकी राय को महत्व दें। विधानसभा सत्र से पहले नाराजगी दूर करने की कवायद
दरअसल, इस पूरी कवायद को विधानसभा सत्र से पहले विधायकों की नाराजगी दूर करने से जोड़कर देखा जा रहा है। क्योंकि पिछले विधानसभा सत्र में कई बीजेपी विधायकों ने अपनी ही सरकार पर सवाल खड़े कर दिए थे। वहीं कई विधायक व्यक्तिगत और सार्वजनिक तौर पर मंत्रियों और अधिकारियों की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर चुके हैं। ऐसे में इस बार पहले ही सीएम भजनलाल शर्मा सभी विधायकों से संवाद करके उनकी बात सुन रहे है। वहीं उन्हें हल करने का प्रयास भी कर रहे हैं। ये भी पढ़ें बजट-सत्र से पहले विधायकों की नाराजगी दूर करने की कवायद:तीन दिन विधायकों से चर्चा करेंगे, कई काम नहीं होने पर जता चुके नाराजगी सरकार जनवरी के तीसरे सप्ताह में विधानसभा सत्र (बजट सत्र) बुला सकती है। बजट पेश होने के चलते यह सत्र करीब एक महीने तक चल सकता है। इस सत्र से पहले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तय किया है कि पार्टी के सभी विधायकों से बातचीत करेंगे। सदन में पहले भी कई बीजेपी विधायक अपनी ही सरकार को घेरते हुए नजर आए थे। वहीं, कई विधायक अपनी ही सरकार में काम नहीं होने के चलते निजी व सार्वजनिक तौर पर नाराजगी जता चुके हैं। ऐसी स्थिति से निपटने के लिए सीएम भजनलाल शर्मा विधायकों से संभागवार फीडबैक लेने जा रहे हैं। (पूरी खबर पढ़ें)


