शनिवार को शहर में पहुंचे हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी को आम आदमी पार्टी के नेताओं ने काले झंडे दिखाए। आप नेताओं ने नारेबाजी करते हुए कहा कि भाजपा ने पंजाब के साथ भेदभाव किया है। केंद्र सरकार ने राज्य के कई फंड रोके हैं। इस दौरान आप विधायक जीवनजोत कौर, इंदरबीर सिंह निज्जर, डॉ. अजय गुप्ता के अलावा कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।आप नेताओं ने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री को अपने राज्य पर ध्यान देना चाहिए पंजाब में राजनीतिक फायदा लेने की कोशिश न करें। शिअद-भाजपा गठबंधन की अटकलों के बीच शिअद प्रधान सुखबीर बादल ने भाजपा के साथ कांग्रेस-आप पर हमला बोला। अटारी के गांव भकना में चौथी पंजाब बचाओ रैली में सुखबीर ने मोदी-सोनिया-केजरीवाल भगाओ और अकाली दल को वापस लाओ का नारा बुलंद किया। सुखबीर ने 2 बार प्रधानमंत्री मोदी और 3 बार भाजपा का नाम लेते हुए आलोचना की। सुखबीर ने सीएम भगवंत मान को केजरीवाल का ड्राइवर करार देते हुए कहा कि यहां गैगस्टर, नशा तस्करों और आतंकियों का राज है। सूबे में रोजाना हत्याएं हो रही हैं लेकिन सीएम मान को जनता की सुरक्षा की कोई परवाह ही नहीं है। सीएम मान तो केजरीवाल के ड्राइवर बनकर कभी जहाज गुजरात ले जा रहे हैं तो कभी बिहार। मान तो केजरीवाल की कठपुतली बनकर रह गया है सरकार तो केजरीवाल चला रहा है। कांग्रेस प्रमुख सोनिया गांधी और राहुल गांधी का जिक्र करते हुए सुखबीर ने कहा कि कांग्रेस ने तो पंजाब का पानी ही राजस्थान को दे दिया। दिल्ली वाली पार्टियां चाहती हैं कि सुखबीर बादल किसी तरह रास्ते से हट जाएं ताकि पंजाबवासियों पर राज कर सकें। मजीठिया ने सीएम मान को ललकारते हुए कहा कि अपने साथ गाड़ी में वकील को भी पक्का ही रख लिया है। जहां भी जाते हैं वकील उनके साथ गाड़ी में ही रहते हैं। सीएम मान जितने चाहे झूठे केस दज कर ले वह डरने वाले नहीं हैं। वहीं मजीठिया ने चीर परिचित अंदाज में रैली में फिर मूंछों को 3 बार ताव दिया। संबंधित खबर पेज 4 पर भी हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से पंजाब सरकार पर किए गए हमले के जवाब में सेहत मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि हरियाणा सरकार की ओर से किसानों के लिए चलाई जा रही कई योजनाएं जमीनी स्तर पर प्रभावी नहीं हैं। उन्होंने भाजपा शासित राज्यों में पेपर लीक और अन्य मुद्दों का उल्लेख करते हुए कहा कि पंजाब सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में ठोस कार्य कर रही है। सीएम सैनी पहले अपने राज्य के हालात सुधारें फिर पंजाब के बारे में बोलें। जीएमसी में 3 दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय पैथोलॉजी कॉन्फ्रेंस के लिए शहर में पहुंचे सेहत मंत्री ने प्रैस क्रान्फ्रेंस में यह बातें कहीं। शहर में पहुंचे हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार नशा और गैंगस्टरवारद रोकने में नाकाम रही है। सैनी समाज सेवा ट्रस्ट की ओर से शनिवार को माल रोड पर समारोह आयोजित किया गया। इसमें देशभर के सैनी समाज को एक मंच पर लाने के लिए सीएम नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने समाज की आधिकारिक वेबसाइट जारी की, जिसका उद्देश्य समाज को डिजिटल रूप से जोड़ना और सेवा कार्यों को विस्तार देना है। भास्कर न्यूज़ | अमृतसर पंजाब में विधानसभा चुनाव की आहट अभी भले आधिकारिक तौर पर दूर दिख रही हो, लेकिन सियासी जमीन पर हलचल तेज हो चुकी है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के दौरे ने राजनीतिक और गरमा दी। उनके पंजाब दौरे आम आदमी पार्टी को तंग करने लगे हैं। शनिवार को नायब अमृतसर आए, मगर यहां भगतांवाला दानी मंडी में खड़े आम आदमी पार्टी के विधायकों और वर्करों ने उनके काफिले को काले झंडे दिखा डाले। हालांकि नायब सैनी को आप के विधायकों को आमना–सामना नहीं हुआ, मगर सैनी ने काले झंडे दिखाए जाने की नाराजगी यह बयान देकर दिखा कि पंजाब में आप सरकार के दौरान गैंगस्टरवाद बढ़ा है। उनके इतना कहते ही अमृतसर में मौजूद सेहत मंत्री डॉ. बलबीर सिंह सिद्धू ने पलटवार किया। कहा– सैनी पहले हरियाणा को संभाले। फिर पंजाब की बात करें। मंत्री डॉ. बलबीर ने हरियाणा सरकार की योजनाओं की जमीनी हकीकत पर सवाल उठाए और कहा कि पंजाब सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में ठोस काम कर रही है। आप नेताओं ने सैनी के दौरे दौरान काले झंडे दिखाकर केंद्र और भाजपा पर पंजाब के साथ भेदभाव करने तथा फंड रोकने के आरोप लगाए। दूसरी तरफ अकाली दल ने अमृतसर के अटारी हलके में रैली कर वर्करों को लामबंद करने का प्रयास किया। उधर अमृतसर ईस्ट हलके से विधायक रही डॉ. नवजोत कौर सिद्धू नई पार्टी बनाने की तैयारी कर रही हैं। पंजाब की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। पूर्व मंत्री और क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने आगामी विधानसभा चुनाव में राज्य की सभी 117 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। इस संबंध में जानकारी ‘सारा पंजाब सिद्धू नाल’ नामक व्हाट्सएप ग्रुप में साझा की गई। इस घोषणा की पुष्टि नवजोत सिंह सिद्धू के पूर्व सलाहकार और आरटीआई एक्टिविस्ट मालविंदर सिंह माली ने की। माली ने बताया कि 22 फरवरी रविवार को पटियाला में ‘जीतेगा पंजाब’ नामक पार्टी के प्लेटफॉर्म को लेकर एक अहम बैठक आयोजित की जाएगी जिसमें आगे की रणनीति पर चर्चा होगी। ग्रुप में साझा संदेश के अनुसार नवजोत सिंह सिद्धू फिलहाल सक्रिय राजनीति से दूर रहेंगे। उनके बारे में जानकारी दी गई है कि उन्होंने अपने पेशेवर कार्यों को लेकर एक वर्ष के लिए 6 समझौते किए हुए हैं, जिस कारण वे सीधे तौर पर चुनावी मैदान में सक्रिय भूमिका नहीं निभाएंगे। माली ने कहा कि नवजोत सिंह सिद्धू हमेशा मुद्दों की राजनीति के पक्षधर रहे हैं। उन्होंने करतारपुर साहिब कॉरिडोर खुलवाने के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि इस पहल के कारण पंजाब के लोगों ने सिद्धू को भरपूर समर्थन और प्यार दिया। यही कारण है कि भाजपा उन्हें अपने साथ शामिल नहीं करना चाहती।


