सूरजपुर जिले की ग्राम पंचायत सरमा के पंचायत सचिव दयाशंकर साहू को करीब 1 लाख 48 हजार रुपए की गड़बड़ी करने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। दयाशंकर पर मुताबिक पीडीएस भवन निर्माण, स्कूल मैदान में मुरमीकरण और पंचायत भवन में बिजली मरम्मत जैसे कार्यों के नाम पर फर्जी तरीके से सरकारी राशि निकालने का आरोप था। दावा किया गया था कि इन कार्यों को सिर्फ कागजों पर दिखाया गया था, जबकि मौके पर ऐसा कोई काम नहीं हुआ था। जिसके बाद जिला पंचायत के सीईओ ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम का गठन किया था। जांच टीम की रिपोर्ट में करप्शन की पुष्टि हुई थी। जिसके बाद दयाशंकर पर कार्रवाई की गई है। एक माह पहले ग्रामीणों ने किया था अनशन ग्रामीणों इस मामले को लेकर सचिव के खिलाफ एक माह पहले अनशन भी किया था। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से शिकायत कर सचिव के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। जिसके बाद जांच टीम गठित की गई थी। रिपोर्ट में यह बताया गया था कि सचिव ने सरकारी धन का दुरुपयोग किया और विकास कार्यों के नाम पर फर्जी बिल तैयार किए। रिपोर्ट के आधार पर जिला पंचायत सीईओ ने सचिव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।


