यूनियन कार्बाइड का जहरीला कचरा पीथमपुर में किस तरह से इंसीनरेटर में जलाया जाएगा और इसके बाद बाकी अवशेष को किस तरह से दफन किया जाएगा, इसकी जानकारी सरकार विस्तार से इंदौर और पीथमपुर के लोगों को देगी। इसके लिए स्कूल, कॉलेजों और कॉलोनियों में कार्यक्रम होंगे। प्रशासन साइंस के प्रोफेसर्स, डॉक्टरों और प्रदूषण नियंत्रण मंडल के वैज्ञानिकों के लेक्चर आदि के कार्यक्रम कराएगी। यह निर्देश शनिवार को मुख्य सचिव अनुराग जैन ने यूका कचरे के निष्पादन की स्थिति पर हुई समीक्षा बैठक में दिए। कार्यक्रम में बताया जाएगा कि भोपाल में गैस कांड में मिथाइल आइसोसाइनेट (एमआईसी) गैस रिसने से हादसा हुआ था, लेकिन कचरे में एमआईसी शामिल नहीं है। कचरे को इंसीनरेटर में जलाना जरूरी है। लेकिन यह पूरी प्रक्रिया सुरक्षित है बैठक में इंदौर संभागायुक्त दीपक सिंह और धार कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ऑनलाइन जुड़े थे।


