हरदा में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ता हरदा के स्वामी विवेकानंद महाविद्यालय की प्रभारी प्राचार्य को हटाने की मांग को लेकर मंगलवार दोपहर से पूरी रात धरने पर बैठे रहे। कार्यकर्ताओं ने कॉलेज के बाहर टेंट लगाकर प्रदर्शन किया जा रहा है। मंगलवार को पहले कॉलेज के मुख्य गेट के सामने, फिर प्राचार्य कक्ष के सामने और अंत में कॉलेज के सामने सड़क पर बैठकर कार्यकर्ताओं ने चक्काजाम किया। उन्होंने प्राचार्य को हटाने की मांग करते हुए नारेबाजी की। लगभग एक घंटे तक सड़क पर प्रदर्शन जारी रहा। सूचना मिलने पर संयुक्त कलेक्टर सतीश राय, एएसपी अमित कुमार मिश्रा, एसडीएम अशोक डेहरिया सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। परिषद के कार्यकर्ताओं ने बाद में सड़क से हटकर कॉलेज परिसर के बाहर धरना जारी रखने का निर्णय लिया। स्कूल में व्यवस्थाओं के नाम पर ठगी
संगठन के जिला संयोजक सूदन मानकर ने आरोप लगाया कि महाविद्यालय में पीने के पानी, साफ-सफाई और विद्यार्थियों को मिलने वाली निःशुल्क पुस्तकों के वितरण में अनियमितताएं हैं। उन्होंने 40 लाख रुपये के आवंटन में भी भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। मानकर ने यह भी कहा कि जब वे प्राचार्य डॉ. संगीता बिले से बात करने जाते हैं, तो वह उन्हें आत्महत्या की धमकी देती हैं और मानसिक रूप से प्रताड़ित करती हैं, तथा विद्यार्थियों की बात नहीं सुनती हैं। वहीं, प्रभारी प्राचार्य डॉ. संगीता बिले ने इन आरोपों का खंडन किया। उन्होंने कहा कि उनके आने से पहले भी कॉलेज में कई समस्याएं थीं, लेकिन तब विद्यार्थी परिषद के किसी कार्यकर्ता ने कोई ज्ञापन नहीं दिया। डॉ. बिले ने दावा किया कि वह लगातार व्यवस्थाओं में सुधार लाने का प्रयास कर रही हैं, लेकिन महिला होने के कारण परिषद के कार्यकर्ता उन्हें बेवजह परेशान कर रहे हैं। सड़क पर प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों से मिलने पहुंचे संयुक्त कलेक्टर सतीश राय ने बताया कि विद्यार्थियों ने कॉलेज में कुछ अनियमितताओं को लेकर शिकायत की है। इस संबंध में एक जांच टीम गठित कर दी गई है, जो दो दिनों के भीतर अपनी जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।


